गुजरात एक बार फिर देश के बड़े निवेश का केंद्र बनता नजर आ रहा है। गांधीनगर में हुए वाइब्रेंट गुजरात रीजनल कॉन्फ्रेंस के दौरान देश के दिग्गज उद्योगपतियों ने भारी निवेश का ऐलान किया। मुकेश अंबानी और गौतम अडानी के समूहों की घोषणाओं से साफ हो गया है कि आने वाले वर्षों में गुजरात ग्रीन एनर्जी, मैन्युफैक्चरिंग, टेक्नोलॉजी और इंफ्रास्ट्रक्चर का बड़ा हब बनने जा रहा है। इन निवेशों से रोजगार, ऊर्जा सुरक्षा और तकनीकी विकास को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
मुकेश अंबानी का ₹7000000000000 का निवेश प्लान
रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने कहा कि उनकी कंपनी अगले 5 सालों में गुजरात में ₹7000000000000 का निवेश करेगी। यह निवेश पिछले 5 सालों के मुकाबले दोगुना होगा। अंबानी ने बताया कि इस निवेश से बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे और गुजरात वैश्विक स्तर पर नई पहचान बनाएगा। उनका फोकस ग्रीन एनर्जी, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और सामाजिक क्षेत्रों पर रहेगा।
जामनगर बनेगा ग्रीन एनर्जी का ग्लोबल सेंटर
अंबानी की सबसे बड़ी घोषणा जामनगर को लेकर रही। यहां दुनिया का सबसे बड़ा इंटीग्रेटेड ग्रीन एनर्जी इकोसिस्टम बनाया जाएगा। इसमें सोलर पावर, ग्रीन हाइड्रोजन और सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल शामिल होंगे। इसके साथ कच्छ में मल्टी गीगावाट सोलर प्रोजेक्ट भी लगाए जाएंगे। अंबानी ने कहा कि जामनगर अब सिर्फ तेल का केंद्र नहीं बल्कि ग्रीन एनर्जी का बड़ा निर्यातक बनेगा।
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एआई, डेटा सेंटर और खेल में भी बड़ा कदम
रिलायंस जामनगर में भारत का सबसे बड़ा एआई रेडी डेटा सेंटर बनाएगा। जियो की ओर से एक ऐसा एआई प्लेटफॉर्म लॉन्च होगा, जिससे लोग अपनी भाषा में एआई सेवाओं का इस्तेमाल कर सकेंगे। इसके अलावा रिलायंस फाउंडेशन अहमदाबाद ओलंपिक 2036 के विजन में सहयोग करेगा और नारणपुरा मल्टी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का प्रबंधन संभालेगा। स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं के विस्तार की भी घोषणा की गई।
अडानी ग्रुप का ₹1500000000000 का मास्टर प्लान
अडानी पोर्ट्स के मैनेजिंग डायरेक्टर करण अडानी ने बताया कि अडानी ग्रुप अगले 5 सालों में मुंद्रा और कच्छ में ₹1500000000000 का निवेश करेगा। उन्होंने कहा कि कच्छ देश का सबसे बड़ा एनर्जी हब बन चुका है। यहां 37 गीगावाट क्षमता वाला दुनिया का सबसे बड़ा एनर्जी पार्क तैयार किया जा रहा है, जिसे 2030 तक पूरी तरह शुरू करने का लक्ष्य है।
अन्य कंपनियों का भी गुजरात पर भरोसा
गुजरात में निवेश की इस दौड़ में अन्य कंपनियां भी शामिल हैं। ज्योति सीएनसी ने मैन्युफैक्चरिंग और स्किल डेवलपमेंट में ₹10000000000 निवेश का ऐलान किया। वहीं वेल्स्पन ग्रुप गुजरात में दुनिया का सबसे बड़ा पाइपलाइन मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने के लिए ₹5000000000 का निवेश करेगा। इन घोषणाओं से साफ है कि गुजरात आने वाले समय में देश की आर्थिक ग्रोथ का बड़ा इंजन बनने वाला है।