Fatty Liver Disease: लिवर हमारे शरीर का अहम अंग है, लिवर की मदद से ही शरीर का खून फिल्टर होता है, खाना पचता है और मेटाबॉलिज्म मजबूत होता है। लेकिन पिछले कुछ सालों से लिवर की बीमारियों में इजाफा हुआ है, जी हां खासकर फैटी लिवर की बीमारी अधिकतर लोगों में देखने को मिलती है। बता दें कि फैटी लिवर दो तरह के होते हैं, पहला एल्कोहॉलिक और दूसरा नॉन एल्कोहॉलिक होता है, लेकिन ताज्जुब इस बात की है कि नॉन-अल्कोहलिक फैटी लिवर डिजीज (NAFLD) अब लिवर की सबसे आम बीमारी बन चुका है।
फैटी लिवर क्या है?
फैटी लिवर एक ऐसी बीमारी होती है जिसमें हमारे लिवर पर अतिरिक्त वसा का जमाव हो जाता है। अगर लिवर का वजन अपने वजन से 5% ज्यादा बढ़ जाता है, तो उस स्थिति को फैटी लिवर कहते हैं।
लाखों लोग को कर रहा प्रभावित
आपको बता दें कि नॉन-अल्कोहलिक फैटी लिवर डिजीज लाखों लोगों को प्रभावित कर रहा है, इसका सबसे बड़ा कारण गलत खान-पान है। अगर आप हेल्दी फूड्स का सेवन करें और कुछ फूड्स को अपने डाइट में सीमित मात्रा में लें, तो आप अपने लिवर को सुरक्षित रख सकते हैं। तो आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं कि लिवर को हेल्दी रखने के लिए किन-किन फूड्स का सीमित मात्रा में सेवन करना चाहिए।
मीठी ड्रिंक्स न पिएं
अगर आप फैटी लिवर बीमारी से सुरक्षित रहना चाहते हैं, तो मीठी ड्रिंक्स से दूर बना लें। जी हां क्योंकि सोडा, चीनी वाली चाय, पैकेड जूस जैसे ड्रिंक्स में शुगर की मात्रा बहुत ज्यादा होती है, जो आपके लिवर में फैट जमा करती है, जिससे आपको फैटी लिवर की समस्या हो सकती है।
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घी और मक्खन कम खाएं
अगर आप घी और मक्खन का अधिक मात्रा में सेवन करते हैं, तो आप फैटी लिवर बीमारी के शिकार हो सकते हैं। क्योंकि मक्खन और घी में सेचुरेटेड फैट बहुत ज्यादा होता है, जो लिवर में फैट जमा करता है। लिवर को सुरक्षित रखने के लिए मक्खन और घी का सीमित मात्रा में ही सेवन करना चाहिए।
पाम ऑयल का सेवन करने से बचें
फ्राई या पैक्ड फूड्स का सेवन करने से लिवर खराब हो सकता है। क्योंकि चिप्स, नूडल्स, बिस्किट जैसे पैक्ड फूड्स में पाम ऑयल का इस्तेमाल किया जाता है, जो लिवर में फैट को बढ़ाते हैं। पाम ऑयल का सेवन सेहत को काफी नुकसान पहुंचाता है।