पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के अशोकनगर में शनिवार को एक स्थानीय तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) नेता और उनके पिता की रहस्यमय परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।तृणमूल कांग्रेस नेता की पहचान संजय राउत के रूप में हुई है। उसी कमरे में उनके 72 वर्षीय पिता कमल राउत भी मिले।जिला पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि जब कमल राउत को घर से निकाला गया, उस समय वह जीवित थे। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन कुछ समय बाद उनकी मौत हो गई।
बालकनी में फंदे से लटका पाया
49 वर्षीय संजय राउत स्थानीय स्तर पर तृणमूल कांग्रेस के सक्रिय नेता थे। उन्हें अशोकनगर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व तृणमूल कांग्रेस विधायक नारायण गोस्वामी का करीबी बताया जाता था। संजय राउत और उनके पिता अशोकनगर-कल्याणगढ़ नगरपालिका के वार्ड नंबर 13 में रहते थे। स्थानीय लोगों के मुताबिक, शनिवार दोपहर परिवार के सदस्यों ने संजय को घर की बालकनी में फंदे से लटका पाया।
अंदर बेहोशी की हालत में मिले
एक स्थानीय निवासी के मुताबिक, कमल राउत घर के अंदर बेहोशी की हालत में मिले थे। उन्हें अशोकनगर स्टेट जनरल अस्पताल ले जाया गया, जहां बाद में उनकी मौत हो गई। जिला पुलिस के एक अधिकारी के मुताबिक, दोनों की मौत की वास्तविक वजह विस्तृत पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
कारोबार में नुकसान से जुड़ी परेशानियां
स्थानीय स्तर पर सक्रिय टीएमसी नेता होने के अलावा संजय राउत एक्सपोर्ट-इम्पोर्ट के कारोबार से भी जुड़े थे। कुछ स्थानीय लोगों ने दावा किया कि हाल के दिनों में कारोबार में नुकसान से जुड़ी परेशानियां सामने आई थीं, हालांकि पुलिस ने मौत की वजह के तौर पर इसकी पुष्टि नहीं की है। संजय राउत अविवाहित थे और उनके पिता उनके साथ ही रहते थे।पुलिस मामले से जुड़ी सभी परिस्थितियों की जांच कर रही है। अशोकनगर पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पिता-पुत्र की मौत किन परिस्थितियों में हुई और इसके पीछे वास्तविक कारण क्या था।