Hapur News: सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला संजय विहार आवास विकास कालोनी निवासी एक चिकित्सक को एक परिवार ने फंसाने की सनसनीखेज साजिश रच डाली। आरोप है कि परिवार ने अपनी पुत्री का फर्जी तरीके से दस्तावेज तैयार कराकर उसके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया और अब धन ऐंठने की कोशिश करने का प्रयास कर रहा है। जबकि पीड़ित ने इस परिवार काे रहने से जगह दी, महिला को नौकरी भी दी थी। इस मामले में चिकित्सक ने कोतवाली पुलिस से मदद मांगी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की तो उन्होंने न्यायालय की शरण ली। अब न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आए दिन मारपीट करता
मेरठ रोड स्थित संजय विहार आवास विकास निवासी एक चिकित्सक ने बताया कि उनक क्लीनिक मेरठ रोड पर है। जून 2005 में एक महिला उनके क्लीनिक पर साफ-सफाई की नौकरी मांगने के लिए आई थी। नौकरी के दौरान महिला ने उन्हें बताया कि उसका पति सुभाष शराब ीकर उसके साथ आए दिन मारपीट करता है और उसे घर से निकाल दिया है। महिला के साथ में डेढ़ से दो साल की बेटी भी थी। जिस पर उन्होंने मां-बेटी को क्लीनिक पर रहने की जगह भी दे दी थी। महिला का पति अक्सर क्लीनिक पर उससे शराब के नशे में धुत होकर आता और हंगामा करता था। जब उसने आरोपी के शराब के नशे में क्लीनिक पर आने से मना किया था।
झूठे केस में फंसाने की धमकी भी दी
चिकित्सक का आरोप है कि आरोपी ने महिला से शादी करने से पहले भी दूसरी शादी की हैं और उसके तीन बच्चे भी हैं। उन्होंने सुभाष को अपने क्लीनिक पर शराब पीकर आने व हंगामा करने से मना किया तो इस बात से वह नाराज हो गया तथा रंजिश मानने लगा। साथ ही आरोपी ने झूठे केस में फंसाने की धमकी भी दी।
चिकित्सक को फंसाने के लिए अपनी पुत्री का आधार कार्ड बनवाया
वर्ष 2010 में सुभाष अपनी पत्नी और बेटी के साथ में दिल्ली गया और वहां पर एक अनाथालय में बेटी को भर्ती करा दिया। उनका आरोप है कि सुभाष ने चिकित्सक को फंसाने के लिए अपनी पुत्री का आधार कार्ड बनवाया। जिसमें उसने पुुत्री की जन्मतिथि नवंबर-दिसंबर 2003 के बजाय उम्र घटवाकर दिनांक 05 फरवरी 2005 लिखवा ली। उसके बाद सुभाष ने हापुड़ नगर पालिका परिषद से बेटी का जन्म प्रमाण पत्र भी बनवा लिया। आरोपी सुभाष ने अप्रैल 2016 में बेटी का दाखिला हापुड़ के एक स्कूल में करवाया और फिर से पुत्री की उम्र घटवाकर व जन्मतिथि बदलवाकर 21 नवंबर 2006 लिखवा दी। आरोपी सुभाष द्वारा अपनी बेटी के आधार कार्ड के साथ भी दोबारा से छेड़छाड़ करते हुए फर्जी व कूटरचित तरीके से उसमें भी जन्म तिथि दोबारा से बदलवाकर 21 नवंबर 2006 करा दी। उन्होंने बताया कि वह आरोपी की पुत्री को अपनी पुत्री की तरहर ही मानते थे। जब उन्होंने आरोपी की पुत्री के व्यवहार को लेकर उसके पिता को समझाया तो आरोपी ने उनके खिलाफ ही महिला थाने में विभिन्न धाराओं में उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया।
मामले की जांच की जा रही
उन्होंने बताया कि आरोपी ने अपनी पुत्री के दस्तावेजों में उन्हें फंसाने के उद्देश्य से छेड़छाड़ करते हुए उनसे धन ऐंठने के लिए ऐसा किया है। जब इस बात की जानकारी कोतवाली पुलिस को दी गई तो पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। इसलिए पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली। एसएचओ सदर विनोद पांडेय ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।