Monsoon Diet : अगस्त में मौसम में नमी और गर्मी दोनों बनी रह सकती हैं। ऐसे समय में खान-पान का असर पाचन और शरीर की ऊर्जा पर भी पड़ता है। इसलिए रोज की डाइट में मौसमी सब्जियां, दालें और पर्याप्त पानी शामिल करना बेहतर माना जाता है। ताजा और अच्छी तरह साफ की हुई सब्जियां खाने पर खास ध्यान दें.
अगस्त में कौन सी दालें खाएं?
अगस्त में मूंग दाल हल्की और आसानी से पचने वाली दाल के रूप में डाइट में शामिल की जा सकती है। मसूर दाल भी प्रोटीन और दूसरे पोषक तत्वों का स्रोत है. अरहर या तूर दाल से भी भोजन में प्रोटीन और ऊर्जा मिलती है। अगर दाल खाने के बाद गैस या भारीपन महसूस होता है, तो मात्रा कम करके देखें और अपनी सहनशीलता के अनुसार चुनाव करें.
कौन सी सब्जियां रहेंगी बेहतर?
इस मौसम में लौकी, तोरई, भिंडी, परवल और करेला जैसी सब्जियां भोजन का हिस्सा बनाई जा सकती हैं। इनमें पानी, फाइबर और कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं. पालक जैसी हरी पत्तेदार सब्जियां भी खाई जा सकती हैं, लेकिन बारिश के मौसम में इन्हें अच्छी तरह धोकर और पर्याप्त पकाकर खाना जरूरी है.
पकाने का तरीका भी जरूरी
सब्जियों को बहुत ज्यादा तेल में तलने के बजाय हल्का पकाना बेहतर विकल्प हो सकता है. दाल में जरूरत से ज्यादा नमक, घी या मसाला डालने से बचें. एक संतुलित थाली में दाल, सब्जी, रोटी या चावल के साथ दही जैसी चीजें भी शामिल की जा सकती हैं.
अगस्त की आसान हेल्दी थाली
अगस्त में खान-पान का सबसे अच्छा तरीका केवल किसी एक दाल या सब्जी पर निर्भर रहना नहीं, बल्कि अलग-अलग मौसमी खाद्य पदार्थों को संतुलित मात्रा में खाना है। साफ-सफाई, ताजगी और सही पकाने के तरीके पर ध्यान देने से मानसून के दौरान डाइट को बेहतर बनाया जा सकता है.