न्यू चंडीगढ़ में खेले गए दूसरे टी20 में टीम इंडिया का प्रदर्शन शुरू से ही कमजोर दिखा. दुनिया की नंबर 1 टी20 टीम मानी जाने वाली भारत इस मैच में बिल्कुल भी तालमेल में नजर नहीं आई. साउथ अफ्रीका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 213 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया. भारतीय गेंदबाजी का सबसे बुरा हाल हुआ. जसप्रीत बुमराह और अर्शदीप सिंह ने मिलकर 8 ओवर में 99 रन लुटा दिए. वरुण चक्रवर्ती को छोड़कर कोई भी गेंदबाज असरदार नहीं दिखा. हालत यह रही कि टीम इंडिया ने कुल 22 रन एक्स्ट्रा दे दिए, जिसमें 16 वाइड शामिल थीं. शुरुआती ओवरों से ही अफ्रीका ने मैच पर पकड़ बना ली और भारत दबाव में आ गया.
बल्लेबाजी ने किया पूरी तरह निराश
गेंदबाजों की मुश्किलें खत्म भी नहीं हुई थीं कि बल्लेबाजों ने भी उम्मीदों पर पानी फेर दिया. टीम इंडिया की शुरुआत बेहद खराब रही. उपकप्तान शुभमन गिल पहली ही गेंद पर आउट होकर चलते बने और गोल्डन डक ने टीम का मनोबल गिरा दिया. अभिषेक शर्मा भी सिर्फ 17 रन जोड़ पाए. कप्तान सूर्यकुमार यादव के बल्ले से केवल 5 रन निकले और उनका लगातार खराब फॉर्म चिंता का कारण बनता जा रहा है. पिछले मैच के हीरो हार्दिक पंड्या भी इस बार फेल साबित हुए और 23 गेंदों पर 20 रन बनाकर आउट हो गए. मध्यक्रम में तिलक वर्मा ने जरूर जुझारूपन दिखाया और 62 रन की शानदार पारी खेली, लेकिन बाकी कोई बल्लेबाज उनका साथ नहीं दे पाया.
डिकॉक और बार्टमैन बने मैच का टर्निंग पॉइंट
साउथ अफ्रीका की जीत के सबसे बड़े हीरो रहे क्विंटन डिकॉक. उन्होंने भारतीय गेंदबाजों पर शुरू से हमला बोला और सिर्फ 46 गेंदों में 90 रन की तूफानी पारी खेली. उनके 7 छक्कों और 5 चौकों ने भारतीय गेंदबाजी की धज्जियां उड़ाकर रख दीं. वहीं गेंदबाजी में बार्टमैन पूरी तरह छा गए. उन्होंने 4 विकेट लेकर भारत की बैटिंग लाइनअप को पूरी तरह तोड़ दिया. एन्गिडी, सिपामला और यानसेन ने भी 2-2 विकेट हासिल कर भारतीय बल्लेबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा.
51 रन की हार और बढ़ती चिंताएं
टीम इंडिया 213 रन के लक्ष्य के सामने सिर्फ 162 रन ही बना सकी और 51 रनों से करारी शिकस्त झेलनी पड़ी. इससे सीरीज अब 1-1 से बराबर हो गई है. बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में भारत की कमजोरियां साफ दिखीं. खराब शुरुआत, कमजोर रणनीति, लगातार फेल टॉप ऑर्डर और गेंदबाजों की अनियंत्रित गेंदबाजी ने मैच को भारत से दूर कर दिया. रविवार को धर्मशाला में तीसरा मुकाबला है, और टीम इंडिया के सामने सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या वे अपनी गलतियों से सीखकर वापसी कर पाएंगे या फिर अफ्रीका का दबदबा जारी रहेगा?