न्यूजीलैंड के खिलाफ इंदौर में मिली हार ने भारतीय क्रिकेट का तापमान अचानक बढ़ा दिया। 338 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए टीम इंडिया 41 रन से पीछे रह गई और 3 मैचों की वनडे सीरीज 1-2 से गंवा बैठी। यह सिर्फ एक मुकाबले की हार नहीं थी, बल्कि ऐसी हार थी जिसने पूरे सिस्टम पर सवाल खड़े कर दिए। फैंस से लेकर पूर्व खिलाड़ियों तक, हर कोई इस नतीजे को लेकर बेचैन नजर आया।
वही न्यूजीलैंड, वही दर्द
पिछले डेढ़ साल में यह दूसरी बार है जब न्यूजीलैंड ने भारत को उसके ही घर में झटका दिया है। साल 2024 में टेस्ट सीरीज में 3-0 की हार के बाद जो तूफान उठा था, उसकी गूंज अभी थमी भी नहीं थी। उस दौर के बाद रोहित शर्मा, विराट कोहली और रविचंद्रन अश्विन ने टेस्ट क्रिकेट से विदाई ली थी। अब 14 महीने बाद वनडे में फिर वही कहानी दोहराई गई, फर्क बस इतना है कि इस बार सवाल खिलाड़ियों से ज्यादा टीम मैनेजमेंट पर उठ रहे हैं।
सीरीज हार के बाद आत्ममंथन
इस हार का असर इसलिए भी गहरा है क्योंकि टीम इंडिया अब अगले 5 महीने तक कोई वनडे मुकाबला नहीं खेलेगी। यानी आत्ममंथन के लिए वक्त ज्यादा है और फैसले लेने का दबाव भी। 2027 वनडे विश्व कप की तैयारी शुरू हो चुकी है और हर खिलाड़ी की भूमिका पर नजर है। कौन टीम का भविष्य बनेगा और कौन अतीत, यह बहस अब खुलकर सामने आ चुकी है।
सीनियर खिलाड़ियों पर नजर
सीनियर खिलाड़ियों में विराट कोहली फिलहाल सुरक्षित माने जा रहे हैं। उन्होंने अपने खेल में बदलाव कर खुद को मौजूदा वनडे के हिसाब से ढाल लिया है। रोहित शर्मा की राह आसान नहीं दिखती, लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा रवींद्र जडेजा को लेकर है। पूरी सीरीज में उनका गेंद और बल्ले से असर नहीं दिखा। निर्णायक मैच में भी अहम मौके पर उनकी गलती ने सवाल बढ़ा दिए।
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जडेजा की फिसलती पकड़
जडेजा की पहचान उनकी फील्डिंग और ऑलराउंड योगदान से रही है, लेकिन इस सीरीज में उसी मोर्चे पर कमी नजर आई। आसान कैच का छूटना और निचले क्रम के बल्लेबाजों का उनसे ज्यादा असर दिखाना चर्चा का विषय बन गया। विकल्प के तौर पर अक्षर पटेल और वॉशिंगटन सुंदर मौजूद हैं, ऐसे में कयास लगाए जा रहे हैं कि यह सीरीज जडेजा के वनडे करियर की आखिरी सीरीज भी हो सकती है।
अब कोच पर उठे सवाल
सबसे बड़ा सवाल अब कोच गौतम गंभीर को लेकर है। पिछली हार के वक्त वह नए थे, लेकिन अब वह बहाना नहीं चलेगा। वनडे और टेस्ट में उनके दौर का रिकॉर्ड उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा है। सोशल मीडिया पर फैंस खुलकर कह रहे हैं कि अगर खिलाड़ियों से जवाब मांगा जाता है, तो कोच क्यों बचे। अब अगली परीक्षा टी20 विश्व कप है। 7 फरवरी से शुरू होने वाला यह टूर्नामेंट तय करेगा कि यह हार सिर्फ चुभन बनेगी या किसी बड़े फैसले की वजह।