मध्य प्रदेश के इंदौर में साइबर ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां ट्रैफिक चालान के नाम पर भेजी गई एपीके फाइल खोलना एक उद्योगपति को भारी पड़ गया। ठगों ने मोबाइल पर फर्जी लिंक और एपीके फाइल भेजकर उनके फोन का एक्सेस हासिल कर लिया और कुछ ही देर में खाते से करीब 5.80 लाख रुपये निकाल लिए। चौंकाने वाली बात यह है कि यह रकम हांगकांग की करंसी में ट्रांसफर कर दी गई।
ट्रैफिक चालान के नाम पर भेजी गई APK फाइल
इंदौर में रहने वाले उद्योगपति Ashish Tiwari साइबर ठगी का शिकार हो गए। उन्हें मोबाइल पर ट्रैफिक पुलिस के नाम से एक मैसेज मिला, जिसमें बताया गया कि उनका ट्रैफिक चालान कट गया है और उसे ऑनलाइन भरना होगा। मैसेज के साथ एक लिंक और एपीके फाइल भी भेजी गई थी। संदेश इतना आधिकारिक लग रहा था कि उन्होंने उस पर ज्यादा शक नहीं किया।
500 रुपये चालान भरने के बाद शुरू हुई ठगी
उद्योगपति ने लिंक खोलकर बताए गए निर्देशों का पालन किया और करीब 500 रुपये का ऑनलाइन चालान जमा भी कर दिया। उन्हें लगा कि उन्होंने अपना जुर्माना भर दिया है और मामला खत्म हो गया है। लेकिन कुछ देर बाद उनके मोबाइल पर बैंक से लगातार ट्रांजैक्शन के मैसेज आने लगे। खाते की जांच करने पर पता चला कि करीब 5 लाख 80 हजार रुपये खाते से निकल चुके हैं।
मोबाइल का एक्सेस लेकर खाली किया खाता
जांच में सामने आया कि ठगों ने भेजी गई एपीके फाइल के जरिए मोबाइल फोन का पूरा एक्सेस हासिल कर लिया था। उसी के जरिए उन्होंने बैंकिंग ऐप और अन्य जरूरी जानकारी तक पहुंच बना ली। इसके बाद खाते से रकम निकालकर उसे हांगकांग की करंसी में बदलकर विदेश ट्रांसफर कर दिया गया, जिससे ठगी का पता लगाना और भी मुश्किल हो गया।
पुलिस ने दर्ज किया केस, जांच जारी
घटना का पता चलते ही पीड़ित ने तुरंत बैंक और साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद इंदौर के Lasudia Police Station में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और साइबर अपराधियों का पता लगाने के लिए तकनीकी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
अनजान लिंक और APK फाइल से रहें सावधान
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि मोबाइल पर आने वाले किसी भी अनजान लिंक या एपीके फाइल को डाउनलोड करने से बचें। ट्रैफिक चालान या बैंक से जुड़े किसी भी संदेश की पहले आधिकारिक वेबसाइट या ऐप पर जांच जरूर करें। थोड़ी सी लापरवाही भी बड़ी आर्थिक हानि का कारण बन सकती है, इसलिए साइबर सुरक्षा को लेकर सतर्क रहना बेहद जरूरी है।