मध्य-पूर्व में तनाव एक बार फिर चरम पर है, जहां होर्मुज स्ट्रेट को लेकर ईरान और अमेरिका के बीच तीखी बयानबाजी देखने को मिल रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump की सख्त चेतावनी के बाद ईरान ने तंज भरे अंदाज में जवाब दिया है। इसी बीच युद्धविराम की कोशिशें भी तेज हो गई हैं और आज किसी सहमति की संभावना जताई जा रही है।
“होर्मुज की चाबी खो गई” – ईरान का तंज
जिम्बाब्वे स्थित ईरानी दूतावास ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि “होर्मुज स्ट्रेट की चाबी खो गई है।” यह बयान सीधे तौर पर अमेरिका की चेतावनी पर तंज माना जा रहा है। इसके अलावा दक्षिण अफ्रीका स्थित दूतावास ने भी व्यंग्य करते हुए कहा कि “चाबी फूलदान के नीचे है”, जिससे यह साफ है कि ईरान इस मुद्दे पर दबाव में आने के बजाय मजाकिया अंदाज में जवाब दे रहा है।
ट्रम्प की कड़ी चेतावनी, बड़े हमले का इशारा
Donald Trump ने ईरान को स्पष्ट अल्टीमेटम दिया है कि वह तुरंत होर्मुज स्ट्रेट को खोले, अन्यथा उसे गंभीर सैन्य कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने यहां तक कहा कि ईरान के पावर प्लांट और पुलों को निशाना बनाया जाएगा और देश को “नरक” जैसे हालात में पहुंचा दिया जाएगा। इस बयान के बाद हालात और ज्यादा संवेदनशील हो गए हैं।
ग्लोबल सप्लाई चेन पर खतरे की चेतावनी
ईरान ने भी पलटवार करते हुए चेतावनी दी है कि यदि उस पर हमले बढ़ते हैं तो वह वैश्विक सप्लाई चेन को बाधित कर सकता है। Ali Akbar Velayati ने कहा कि जवाब केवल सैन्य नहीं होगा, बल्कि ऊर्जा और व्यापार मार्गों को प्रभावित कर दिया जाएगा। होर्मुज के अलावा बाब-अल-मंदेब जैसे अहम समुद्री रास्तों पर भी खतरा मंडरा सकता है।
रेड सी में हमलों की आशंका बढ़ी
ईरान के सहयोगी माने जाने वाले यमन के हूती विद्रोहियों ने पहले ही रेड सी में जहाजों को निशाना बनाने की बात कही है। इससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार और तेल आपूर्ति पर गंभीर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। यह घटनाक्रम वैश्विक स्तर पर चिंता का कारण बनता जा रहा है।
सीजफायर की कोशिशें तेज, आज बन सकती है सहमति
लगातार बढ़ते तनाव के बीच युद्धविराम की कोशिशें भी जारी हैं। पाकिस्तान की ओर से दोनों देशों के सामने एक प्रस्ताव रखा गया है, जिसे अस्थायी रूप से “इस्लामाबाद अकॉर्ड” नाम दिया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक आज इस पर सहमति बनने की संभावना है, जिससे हालात सामान्य होने की उम्मीद जगी है।