IRCTC Pantry Rules 2026 : दिवाली और छठ के दौरान ट्रेनों में यात्रियों की भीड़ बढ़ने वाली है। इससे पहले ही रेलवे ने खाने-पीने का सामान बेचने वाले पेंट्री ठेकेदारों पर सख्ती शुरू कर दी है। IRCTC के नॉर्थ जोन ने सभी पेंट्री ठेकेदारों को विशेष निर्देश जारी किए हैं। इसमें तय कीमत से ज्यादा पैसे वसूलने, यात्रियों को बिल नहीं देने और डिजिटल पेमेंट स्वीकार नहीं करने जैसी शिकायतों पर नाराजगी जताई गई है। रेलवे ने साफ किया है कि अब इन नियमों का पालन करना होगा।
ओवरचार्जिंग की लगातार शिकायतें
IRCTC के नॉर्थ जोन की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि बार-बार निर्देश देने के बावजूद पेंट्री कर्मचारियों के खिलाफ शिकायतें बढ़ रही हैं। यात्रियों का आरोप है कि उनसे खाने-पीने की चीजों के लिए तय कीमत से ज्यादा पैसे मांगे जाते हैं। कई बार सामान खरीदने के बाद बिल भी नहीं दिया जाता। सबसे बड़ी परेशानी तब होती है, जब यात्री डिजिटल पेमेंट करना चाहते हैं और कर्मचारी इसे स्वीकार करने से मना कर देते हैं।
हर सामान का बिल देना होगा
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, चलती ट्रेन की पेंट्री और रेलवे स्टेशनों पर सामान बेचने वाले दुकानदारों के खिलाफ बिल नहीं देने की शिकायतें आम हैं। सरकार चाहती है कि ग्राहक को हर खरीदारी का बिल मिले। इससे सामान की कीमत में पारदर्शिता बनी रहती है और जीएसटी चोरी की संभावना भी कम होती है। रेलवे बोर्ड के सीईओ सतीश कुमार भी पेंट्री ठेकेदारों से यात्रियों को बिल देने की अपील कर चुके हैं।
डिजिटल पेमेंट के लिए लेपल कार्ड जरूरी
IRCTC ने निर्देश दिया है कि पेंट्री कार में काम करने वाले हर सर्विस कर्मचारी के पास सक्रिय डिजिटल पेमेंट लेपल कार्ड होना चाहिए। इससे यात्री अपनी सुविधा के अनुसार नकद की जगह डिजिटल भुगतान कर सकेंगे। भुगतान सीधे कंपनी के खाते में पहुंच सकेगा। रेलवे अधिकारियों का मानना है कि डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने से लेन-देन में पारदर्शिता आएगी और गड़बड़ियों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
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वर्दी और पहचान पत्र भी जरूरी
IRCTC ने पेंट्री कर्मचारियों के पहनावे और पहचान को लेकर भी सख्ती दिखाई है। पत्र में कहा गया है कि कई कर्मचारी तय वर्दी नहीं पहनते और उनके पास क्यूआर कोड वाला पहचान पत्र भी नहीं होता। अब सभी कर्मचारियों को साफ-सुथरी और तय वर्दी पहननी होगी। पैरों में जूते होने चाहिए, हवाई चप्पल नहीं। इसके अलावा गले में आधिकारिक क्यूआर कोड वाला पहचान पत्र लटकाना भी जरूरी होगा।
नियम तोड़ने पर बढ़ सकती है मुश्किल
IRCTC ने ठेकेदारों को साफ निर्देश दिया है कि वे अपने सभी कर्मचारियों से इन नियमों का सख्ती से पालन कराएं। सामान बेचते समय तय कीमत वसूलना, बिल देना और डिजिटल भुगतान स्वीकार करना जरूरी होगा। त्योहारों के दौरान ट्रेनों में यात्रियों की संख्या बढ़ने के कारण इन व्यवस्थाओं पर खास नजर रखी जाएगी। रेलवे का मकसद यात्रियों को सही कीमत पर सामान और बेहतर सुविधा उपलब्ध कराना है।