Jalaj Saxena Ranji Record : रणजी ट्रॉफी 2026-27 में 39 साल के जलज सक्सेना ने अपने शानदार प्रदर्शन से सबका ध्यान खींच लिया है। केरल की ओर से खेलते हुए उन्होंने ओडिशा के खिलाफ दूसरी पारी में पांच विकेट झटके और टीम को बड़ी जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई। तिरुवनंतपुरम के ग्रीनफील्ड स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में केरल ने ओडिशा को पारी और 36 रन से हराया। इस प्रदर्शन के साथ जलज ने रणजी ट्रॉफी में सबसे ज्यादा पांच विकेट लेने वाले गेंदबाजों की सूची में महान स्पिनर बिशन सिंह बेदी के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली।
18 ओवर में पांच विकेट लेकर रचा इतिहास
जलज सक्सेना ने ओडिशा की दूसरी पारी में 18 ओवर गेंदबाजी की। उन्होंने 34 रन देकर पांच बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। इस दौरान उन्होंने सात ओवर मेडन भी डाले। रणजी ट्रॉफी में यह उनका 35वां पांच विकेट हॉल रहा। इसके साथ ही वह इस टूर्नामेंट में एक पारी में पांच या उससे ज्यादा विकेट लेने के मामले में बिशन सिंह बेदी के साथ संयुक्त रूप से पांचवें स्थान पर पहुंच गए। उम्र के इस पड़ाव पर भी उनका प्रदर्शन बता रहा है कि घरेलू क्रिकेट में उनकी धार बरकरार है।
राजिंदर गोयल के नाम सबसे बड़ा रिकॉर्ड
रणजी ट्रॉफी में पांच विकेट लेने के रिकॉर्ड की सूची में पूर्व भारतीय स्पिनर राजिंदर गोयल सबसे ऊपर हैं। उन्होंने अपने करियर में 59 बार एक पारी में पांच या उससे ज्यादा विकेट लेने का कारनामा किया था। जलज सक्सेना अब 35 पांच विकेट हॉल के साथ बिशन सिंह बेदी के बराबर पहुंच गए हैं। उनका यह प्रदर्शन घरेलू क्रिकेट में लंबे समय से बनाए गए उनके शानदार रिकॉर्ड को भी दिखाता है। लगातार विकेट लेने की उनकी क्षमता केरल के लिए बड़ी ताकत बनी हुई है।
केरल के बल्लेबाजों ने खड़ा किया बड़ा स्कोर
मुकाबले में पहले बल्लेबाजी करते हुए केरल ने अपनी पहली पारी में 404 रन बनाए। टीम की ओर से मोहम्मद अजहरुद्दीन ने नाबाद 139 रन की शानदार पारी खेली। सचिन बेबी ने भी 112 रन बनाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। दोनों बल्लेबाजों के योगदान से केरल ने ओडिशा के सामने बड़ा लक्ष्य रखा। इसके जवाब में ओडिशा की पहली पारी 225 रन पर सिमट गई। इस तरह केरल को पहली पारी के आधार पर 179 रन की बढ़त मिल गई।
दूसरी पारी में भी नहीं संभली ओडिशा
179 रन की बढ़त मिलने के बाद केरल ने ओडिशा को फॉलोऑन दिया। दूसरी पारी में ओडिशा की टीम फिर दबाव में आ गई और पूरी टीम 143 रन पर ऑल आउट हो गई। सलामी बल्लेबाज गौरव चौधरी ने 53 रन बनाए, जबकि कप्तान सुभ्रांशु सेनापति ने 30 रन का योगदान दिया। लेकिन बाकी बल्लेबाज जलज सक्सेना की गेंदबाजी का सामना नहीं कर सके। जलज ने पांच विकेट लेकर ओडिशा की पारी समेटने में अहम भूमिका निभाई और केरल की जीत पक्की कर दी।
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केरल को मिले सात अंक
ओडिशा पर इस बड़ी जीत के साथ केरल को रणजी ट्रॉफी के एलीट ग्रुप सी में सात अंक मिले। इससे पहले टीम को झारखंड के खिलाफ मुकाबले में केवल एक अंक मिला था। ओडिशा के खिलाफ जीत ने केरल को वापसी का मौका दिया। इस मैच में बल्लेबाजों ने मजबूत स्कोर खड़ा किया, जबकि गेंदबाजों ने ओडिशा को दोनों पारियों में दबाव में रखा। जलज सक्सेना का प्रदर्शन टीम की जीत का सबसे बड़ा आकर्षण रहा। 39 साल की उम्र में भी उनका लगातार विकेट लेना उनकी मेहनत और अनुभव की मिसाल है।