Jharkhand Gen-Z Movement ----झारखंड की राजधानी रांची में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी और पेपर लीक के आरोपों को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। बारिश और खराब मौसम के बीच भी युवा अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हैं। सोशल मीडिया के जरिए यह प्रदर्शन अब राज्यभर में चर्चा का विषय बन गया है। आंदोलन को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का भी समर्थन मिला है।
रांची में छात्रों का प्रदर्शन छठे दिन भी जारी
रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम और बापू वाटिका क्षेत्र में छात्र अपनी मांगों को लेकर लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। हाथों में तिरंगा, न्याय की मांग वाले नारे और बारिश के बीच डटे युवाओं का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
छात्र JPSC की 14वीं परीक्षा और JSSC-CGL परीक्षा में कथित अनियमितताओं, OMR शीट में गड़बड़ी और पेपर लीक जैसे आरोपों की जांच की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता जरूरी है, क्योंकि इन परीक्षाओं से लाखों युवाओं का भविष्य जुड़ा हुआ है।
छोटे विरोध से राज्यव्यापी आंदोलन तक पहुंचा मामला
इस आंदोलन की शुरुआत रांची में कुछ छात्रों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन से हुई थी, लेकिन सोशल मीडिया के जरिए बड़ी संख्या में युवा इससे जुड़ते चले गए। देखते ही देखते यह मुद्दा राज्यभर में चर्चा का विषय बन गया। छात्र नेताओं का कहना है कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक उद्देश्य से नहीं, बल्कि युवाओं के भविष्य और निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया की मांग को लेकर किया जा रहा है। प्रदर्शन में शामिल युवा सरकार से परीक्षा प्रक्रिया में सुधार और दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
बारिश के बीच भी नहीं टूटा छात्रों का हौसला
रांची में मानसून की बारिश और खराब मौसम के बावजूद छात्र अपने आंदोलन पर डटे हुए हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि मौसम की परेशानियां उनके संघर्ष को कमजोर नहीं कर सकतीं।
अनशन पर बैठे छात्रों का कहना है कि परीक्षा व्यवस्था में कथित भ्रष्टाचार का असर लाखों अभ्यर्थियों के सपनों पर पड़ता है। युवाओं का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर गंभीरता से विचार नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
CJP ने दिया समर्थन, राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा बढ़ी
छात्रों के इस आंदोलन को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का समर्थन मिला है। पार्टी की ओर से आंदोलन कर रहे छात्रों से बातचीत कर उनकी मांगों को जायज बताया गया है। इसके साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी छात्रों के समर्थन में बात रखी गई है। अब छात्रों के बीच यह चर्चा तेज है कि क्या CJP इस आंदोलन को उसी स्तर पर समर्थन देगी, जिस तरह वह अन्य छात्र मुद्दों पर आवाज उठाती रही है।
युवाओं की मांग- भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता जरूरी
रांची का यह आंदोलन सिर्फ परीक्षा रद्द कराने की मांग तक सीमित नहीं है, बल्कि युवा भर्ती प्रक्रिया में सुधार और जवाबदेही की मांग उठा रहे हैं। Gen-Z छात्रों का कहना है कि डिजिटल दौर में युवा अपने अधिकारों को लेकर पहले से ज्यादा जागरूक हैं। सोशल मीडिया की ताकत के जरिए छोटे शहरों के छात्र भी अपनी आवाज मजबूती से उठा रहे हैं। अब सभी की नजर सरकार के अगले कदम और आंदोलन की आगे की दिशा पर बनी हुई है।