एशेज सीरीज के पांचवें और आखिरी टेस्ट में इंग्लैंड के दिग्गज बल्लेबाज जो रूट ने एक बार फिर अपनी क्लास साबित की। सिडनी टेस्ट की पहली पारी में रूट ने 146 गेंदों में शानदार शतक पूरा किया, जो उनके टेस्ट करियर का 41वां सैकड़ा रहा। पहले दिन वह 103 गेंदों पर 72 रन बनाकर नाबाद लौटे थे, जबकि दूसरे दिन पारी को संभालते हुए उन्होंने तीन अंकों तक पहुंचकर इंग्लैंड को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। खास बात यह रही कि सिडनी के मैदान पर टेस्ट क्रिकेट में यह रूट का पहला शतक है, जिसने इस पारी को और भी यादगार बना दिया।
ऑस्ट्रेलिया में पहली बार रेड बॉल शतक
जो रूट के लिए यह शतक ऑस्ट्रेलिया की धरती पर कई मायनों में खास रहा। इससे पहले उन्होंने ऑस्ट्रेलिया में अपना पहला टेस्ट शतक पिंक बॉल टेस्ट में जमाया था, जो दिसंबर 2025 में ब्रिसबेन में खेला गया था। अब ठीक चार महीने बाद सिडनी में रेड बॉल टेस्ट में उन्होंने दूसरा शतक जड़ा। इसका मतलब यह भी है कि रेड बॉल क्रिकेट में ऑस्ट्रेलिया के अंदर यह उनका पहला शतक है। दिलचस्प बात यह है कि मौजूदा एशेज सीरीज से पहले ऑस्ट्रेलिया में रूट के नाम एक भी टेस्ट शतक दर्ज नहीं था, लेकिन इसी सीरीज में उन्होंने यह कमी पूरी कर ली।
पॉन्टिंग की बराबरी, दिग्गजों की सूची में नाम
सिडनी टेस्ट में लगाया गया यह शतक जो रूट के टेस्ट करियर का 41वां सैकड़ा साबित हुआ। इसके साथ ही उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पॉन्टिंग के 41 टेस्ट शतकों के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। अब टेस्ट क्रिकेट में उनसे आगे सिर्फ दो ही बल्लेबाज हैं सचिन तेंदुलकर और जैक कैलिस। यह उपलब्धि रूट को टेस्ट क्रिकेट के महान बल्लेबाजों की कतार में और मजबूती से खड़ा करती है और बताती है कि वह लंबे समय तक इस फॉर्मेट पर राज करने वाले खिलाड़ियों में शामिल हैं।
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छह साल में शतकों की बरसात, इंग्लैंड मजबूत
जो रूट का यह शतक पिछले छह वर्षों में उनका 24वां टेस्ट शतक रहा। पिछले दो सालों में उन्होंने 17 बार टेस्ट में अर्धशतक जमाया, जिनमें से 11 बार उसे शतक में बदला। साल 2026 में यह उनका पहला टेस्ट शतक है। इससे पहले 2025 में उन्होंने चार, 2024 में छह, 2023 में दो, 2022 में पांच और 2021 में छह टेस्ट शतक लगाए थे। सिडनी टेस्ट में उनकी इस पारी का असर इंग्लैंड की स्थिति पर भी साफ दिखा। दूसरे दिन लंच तक इंग्लैंड ने 6 विकेट पर 336 रन बना लिए थे और टीम पूरी तरह फ्रंटफुट पर नजर आ रही थी।