कानपुर के पनकी थाना क्षेत्र में रविवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां एक मकान की छत अचानक भरभराकर नीचे गिर गई। उस समय घर में परिवार के सदस्य मौजूद थे। छत के मलबे में दबकर एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई। मृतकों में महज 15 दिन की नवजात बच्ची भी शामिल है। हादसे की खबर मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा और आसपास के लोग भी इस घटना से स्तब्ध हैं।
तेज आवाज सुनकर दौड़े पड़ोसी
प्रत्यक्ष जानकारी के मुताबिक, मकान की छत गिरते ही तेज आवाज हुई। आवाज सुनकर आसपास के लोग तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़े। लोगों ने घर के भीतर फंसे परिवार के सदस्यों को बाहर निकालने की कोशिश शुरू की। इसी बीच पुलिस को भी घटना की सूचना दी गई। कुछ ही देर में पुलिस मौके पर पहुंच गई और स्थानीय लोगों की मदद से राहत-बचाव का काम शुरू कराया गया।
मलबे में दबे मिले परिवार के सदस्य
छत गिरने के कारण परिवार के तीन सदस्य मलबे में दब गए थे। स्थानीय लोगों और पुलिस ने मिलकर उन्हें बाहर निकाला। इसके बाद तीनों को तुरंत इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया। हादसे के बाद परिवार के लोगों को बचाने की उम्मीद में सभी ने तेजी से राहत कार्य किया, लेकिन तीनों की हालत गंभीर थी। अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
15 दिन की बच्ची की भी मौत
इस हादसे में जान गंवाने वालों में महज 15 दिन की नवजात बच्ची भी शामिल है। बच्ची के साथ उसकी मां और परिवार के एक अन्य सदस्य की भी मौत हुई है। इतनी छोटी बच्ची की मौत की खबर से पूरे इलाके में शोक फैल गया। परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है। जिस घर में कुछ दिन पहले नवजात के आने की खुशियां थीं, वहां अब मातम पसरा हुआ है।
पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस हादसे से जुड़े हालात की जानकारी जुटा रही है। शुरुआती जानकारी में मकान की जर्जर हालत को छत गिरने की संभावित वजह बताया जा रहा है। हालांकि, हादसा किन परिस्थितियों में हुआ, इसकी पुष्टि जांच के बाद ही होगी।
मकान की हालत को लेकर जांच
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि मकान की छत अचानक क्यों गिरी और क्या भवन की हालत पहले से खराब थी। हादसे के समय घर में मौजूद लोगों की जानकारी भी जुटाई जा रही है। इस घटना ने एक बार फिर पुराने और कमजोर मकानों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल पनकी इलाके में इस दर्दनाक हादसे के बाद शोक का माहौल है।