Katni Neha Pacchisia---कटनी की पूर्व CSP नेहा पच्चीसिया की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। भ्रष्टाचार और जमीन सौदे से जुड़े मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद से वह पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। बताया जा रहा है कि केस दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने भोपाल में चल रही विभागीय ट्रेनिंग बीच में छोड़ दी। पुलिस अब उनकी तलाश कर रही है। हालांकि, फिलहाल उन्हें आधिकारिक तौर पर फरार या भगोड़ा घोषित नहीं किया गया है।
हत्या के मामले से जुड़ा है पूरा विवाद
मामला एक हत्या के प्रकरण से जुड़ा बताया जा रहा है। आरोप है कि तत्कालीन CSP नेहा पच्चीसिया ने हत्या के आरोपी और उसके परिवार पर दबाव बनाकर 15 लाख रुपये की मांग की। इसके साथ ही गिरफ्तारी का दबाव डालते हुए परिवार की पुश्तैनी जमीन बेहद कम कीमत पर बेचने के लिए मजबूर करने का आरोप भी सामने आया। जमीन की रजिस्ट्री कथित तौर पर सरकारी गाइडलाइन में तय कीमत से काफी कम मूल्य पर कराई गई। जांच में इसी पूरे लेनदेन को लेकर गंभीर सवाल उठे हैं।
तीन लोगों के खिलाफ दर्ज हुई FIR
मामले की जांच जबलपुर की ASP अनु बेनीवाल को सौंपी गई थी। जांच के दौरान तत्कालीन CSP नेहा पच्चीसिया समेत तीन लोगों पर लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद 19 अगस्त को कटनी के कुठला थाने में एफआईआर दर्ज की गई। मामले में नेहा पच्चीसिया के अलावा जमीन खरीदार मारूफ अहमद हनफी और क्षितिज राज बारापत्रे को भी आरोपी बनाया गया है। इन दोनों के भी सामने नहीं आने की जानकारी है।
पुलिस खंगाल रही दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड
एफआईआर के बाद पुलिस ने मामले से जुड़े साक्ष्यों को सुरक्षित करने की कार्रवाई शुरू कर दी। कटनी स्थित CSP कार्यालय को सील कर जरूरी दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड कब्जे में लिए गए। जांच टीम अब पूर्व CSP के कॉल डिटेल, डिजिटल रिकॉर्ड और मामले से जुड़े अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की पड़ताल कर रही है। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि जमीन के सौदे और कथित लेनदेन में किन लोगों की भूमिका रही।
निलंबन के बाद जबलपुर किया गया अटैच
गंभीर आरोप सामने आने के बाद नेहा पच्चीसिया को कटनी से हटाया गया था। इसके बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर उन्हें निलंबित कर जबलपुर अटैच किया गया। अब एफआईआर दर्ज होने के बाद उनकी तलाश पुलिस के लिए अहम हो गई है। फिलहाल पुलिस आरोपियों की तलाश के साथ मामले में उपलब्ध दस्तावेजी और डिजिटल सबूतों को जोड़कर आगे की जांच कर रही है।