केरल में लंबे समय से चल रही राजनीतिक खींचतान आखिरकार खत्म हो गई है। कांग्रेस ने राज्य के नए मुख्यमंत्री के तौर पर वीडी सतीशन के नाम पर मुहर लगा दी है। इस फैसले के साथ ही 10 दिनों से जारी सस्पेंस खत्म हो गया और केसी वेणुगोपाल की दावेदारी पर विराम लग गया। पार्टी ने आंतरिक मंथन और विधायकों से बातचीत के बाद यह निर्णय लिया।
10 दिन की माथापच्ची के बाद नाम पर मुहर
केरल में विधानसभा चुनाव परिणाम आने के बाद मुख्यमंत्री चयन को लेकर कांग्रेस के भीतर गहरी खींचतान चल रही थी। तीन प्रमुख चेहरे रेस में थे, जिनमें वीडी सतीशन, केसी वेणुगोपाल और रमेश चेन्निथला शामिल थे। लगातार बैठकों और विचार-विमर्श के बाद आखिरकार सतीशन के नाम पर सहमति बनी।
वीडी सतीशन को मिला व्यापक समर्थन
सूत्रों के अनुसार सतीशन को पार्टी के कार्यकर्ताओं और जमीनी स्तर पर व्यापक समर्थन मिला। 2022 के बाद पार्टी को मजबूत करने और चुनावी रणनीति तैयार करने में उनकी भूमिका अहम मानी गई। वहीं कई विधायकों का झुकाव केसी वेणुगोपाल की ओर भी बताया जा रहा था, जिससे फैसला लंबा खिंचता चला गया।
चुनावी जीत में अहम भूमिका
2026 विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ गठबंधन ने 102 सीटों के साथ बड़ी जीत हासिल की है। इस जीत का श्रेय वीडी सतीशन को भी दिया जा रहा है, जिन्होंने आक्रामक प्रचार और मजबूत गठबंधन रणनीति तैयार की। उनकी रणनीति ने वामपंथी सरकार के खिलाफ माहौल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
शीर्ष नेतृत्व की बैठक के बाद फैसला
दिल्ली में कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व के बीच लगातार बैठकों का दौर चला। मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी और अन्य वरिष्ठ नेताओं ने विधायकों से राय लेने के बाद अंतिम निर्णय लिया। राहुल गांधी की अहम बातचीत के बाद सहमति बनती दिखी और सतीशन के नाम पर अंतिम मुहर लगी।
विधायक दल की बैठक में होगी औपचारिक घोषणा
अब केरल कांग्रेस विधायक दल की बैठक में इस फैसले को औपचारिक रूप से मंजूरी दी जाएगी। इसके बाद शपथ ग्रहण की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि यह फैसला संगठन और सरकार दोनों के लिए स्थिरता लेकर आएगा।