नई दिल्ली। उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने तिहाड़ जेल परिसर में एक नई गौशाला और तीन सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) की पहलों का उद्घाटन किया। इस मौके पर दिल्ली सरकार के गृह मंत्री आशीष सूद सहित दिल्ली सरकार के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। बताया गया कि यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन से प्रेरित हैं। यह न केवल एक आयोजन है, बल्कि एक आंदोलन है जो आधुनिक नवाचार के साथ भारत की समृद्ध परंपरा की शुरूआत करता है।
उपराज्यपाल ने कहा कि तिहाड़ स्थित गौशाला, देशी गायों विशेष रूप से साहीवाल गायों के संरक्षण पर ध्यान केंद्रित करेगी। इससे कैदियों को जेल में रहते हुए भी अपनी आय बढ़ाने और अपने परिवार का भरण-पोषण करने में मदद मिलेगी। गौशाला उन कैदियों को गौ चिकित्सा का अवसर भी प्रदान करेगी जो अकेले हैं और जिनके परिवार या दोस्त उनसे मिलने नहीं आते। गौशाला के अलावा दूसरी पहल तिहाड़ बेकिंग स्कूल का डिजिटल एकीकरण और ओएनडीसी तथा माई स्टोर प्लेटफॉर्म के माध्यम से तिहाड़ उत्पादों को ऑनलाइन उपलब्ध कराना है , जिससे तिहाड़ जेल में निर्मित प्रोडेक्ट्स घर-घर पहुंच सकें।
तिहाड़ जेल में इन्वेंटी प्रबंधन सिस्टम भोजन, दवा और अन्य आवश्यक वस्तुओं जैसी आवश्यक का भी प्रबंधन करेगा। तिहाड़ जेल महानिदेशक एसबीके सिंह ने बताया कि डिजिडल इंडिया के अनुरूप तिहाड़ जेल में एक एनजीओ के लिए एक नई वेबसाइट का उद्घाटन किया गया। उन्होंने बताया कि अब गैर-सरकारी संगठनों के लिए एक साथ काम करना और अपनी गतिविधियों को वेबसाइट पर ऑनलाइन अपलोड करना आसान हो जाएगा। यह पहल गैर-सरकारी संगठनों को एक साथ लाएगी, जिससे एक सहयोगात्मक प्रयास बनेगा जिससे कैदियों को लाभ होगा।