Sagar Suicide Case: मध्य प्रदेश के सागर जिले के बीना तहसील अंतर्गत खुरई क्षेत्र के टीहर गांव में शनिवार को एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके को झकझोर दिया। यहां एक ही परिवार के चार लोगों ने सामूहिक आत्महत्या कर ली। मरने वालों में पिता, दादी और दो नाबालिग बच्चे शामिल हैं। आत्महत्या का कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाया है, लेकिन घटनास्थल से एक विस्तृत सुसाइड नोट बरामद हुआ है, जिसे मृतक बेटे ने लिखा है। इस नोट में मां को संपत्ति से बेदखल करने और पारिवारिक लेन-देन के बारे में विस्तार से उल्लेख किया गया है।
खेत में बने मकान में जहर खाकर दी जान
टीहर गांव में रहने वाले 42 वर्षीय मनोहर सिंह लोधी, उनकी 70 वर्षीय मां फूलरानी, 18 साल की बेटी शिवानी और 16 साल के बेटे अनिकेत ने शुक्रवार रात जहरीला पदार्थ खा लिया। मनोहर की पत्नी द्रौपदी मायके में थी। घटना का पता तब चला जब ऊपरी मंजिल पर रह रहे बड़े भाई जगदीश ने नीचे से उल्टियों की आवाज सुनी। वे दौड़कर पहुंचे और आसपास के लोगों को सूचना दी। सभी को सिविल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां अनिकेत और फूलरानी को मृत घोषित कर दिया गया। इलाज के दौरान शिवानी ने दम तोड़ दिया, जबकि मनोहर की मौत जिला अस्पताल ले जाते वक्त हो गई।
सुसाइड नोट में संपत्ति का ब्योरा और मां को बताया 'हकदार नहीं'
मृतक अनिकेत, जो कक्षा 10वीं का छात्र था, ने ही सुसाइड नोट लिखा। नोट में लिखा गया कि गांव की पूरी जमीन तीन भाइयों में बांटी जाए और जगदीश की देखरेख करने वाले को उसकी जमीन मिले। खास बात यह रही कि उसने अपनी मां के लिए लिखा, "मम्मी का कोई हक नहीं है।" वहीं, मामा के पैसे लौटाने का भी जिक्र था – “2 लाख देने थे, 2.40 लाख दे दिए।” नोट में यह भी बताया गया कि अलमारी में 1.20 लाख रुपये रखे हैं, और फोन-पे में 68 हजार रुपये हैं, जिसे बड़ी बुआ को दे देना। तीन भैंसों को भी तीनों बुआओं में बांटने की बात कही गई।
गांव में मातम और पुलिस जांच जारी
घटना के बाद से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। मृतकों के परिजन इस फैसले से स्तब्ध हैं। पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिए हैं। वहीं, सुसाइड नोट को जब्त कर आत्महत्या के पीछे के कारणों की गहराई से जांच की जा रही है।