
Ajit Pawar News: महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अजित पवार अक्सर सुर्खियों में रहे हैं। महाराष्ट्र में राजनीतिक अस्थिरता को लेकर अजित पवार चर्चा का केंद्र रहे हैं। बीते लोकसभा चुनाव में चाचा शरद पवार के साथ उनके राजनीतिक टकराव रहे हैं। महाराष्ट्र विधानसभा में उन पर कई तरह के आरोप लगे हैं। इस बीच वे एक महिला IPS अधिकारी से वह बहस कर बैठे। दोनों के बीच तीखा बहस हुई। यह बहस सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इस दौरान महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम ने आईपीएस अधिकारी को धमकी भी दी। उपमुख्यमंत्री के नाते अजित पवार महाराष्ट्र कैबिनेट में नंबर दो की पोजीशन रखते हैं। प्रदेश का पुलिस डिपार्टमेंट संबंधित राज्य के गृह विभाग के तहत होता है। यह डिपार्टमेंट सीएम देवेंद्र फडणवीस के तहत आता है। अब इस पर अजीत पवार ने सफाई दी।
अजीत पवार ने ट्वीट करते हुए कहा,"सोलापुर में पुलिस अधिकारियों के साथ उनकी बातचीत से संबंधित में कुछ वीडियो ने मेरा ध्यान खींचा है। वे यह स्पष्ट रूप से कहना चाहत हैं कि उनका इरादा कानून प्रवर्तन में हस्तक्षेप करने का बिल्कुल नहीं है। उनका इरादा यह तय करने का था कि जमीनी स्तर पर हालात न खराब हों। मैं अपने पुलिस बल और उसके अधिकारियों, जिनमें महिला अधिकारी भी शामिल हैं। ये विशिष्टता और साहस के साथ सेवा करती हैं। इसका मैं बहुत सम्मान करता हूं। मैं कानून के शासन को सबसे ऊपर रखता हूं। मैं पारदर्शी शासन के लिए और यह सुनिश्चित करने के लिए दृढ़ता से प्रतिबद्ध हूं कि रेत खनन सहित हर अवैध गतिविधि से कानून के अनुसार सख्ती से निपटा जाए।"
जानें क्या है मामला
दरअसल, फोन पर अजित पवार ने महिला आईपीएस अधिकारी को सूचना दी कि वे महाराष्ट्र के ‘डीसीएम अजित पवार’ हैं. इसके साथ ही उन्होंने कार्रवाई को रोकने का निर्देश हैं। अधिकारी ने उन्हें पहचानने से इनकार दिया। महिला अधिकारी ने कहा कि वह सीधे उनके फोन पर कॉल करें. इस पर अजित काफी भड़क गए। उन्होंने कहा, तुम पर कार्रवाई करूंगा, इतनी हिम्मत है तुम्हारी? मेरा चेहरा तो पहचानोगी ना! इसके बाद अजित पवार ने अधिकारी को वीडियो कॉल लगा दिया। वीडियो कॉल में अजित पवार ने अधिकारी को रोकने और तहसीलदार से बात करने का निर्देश दिया। यह पूरा घटनाक्रम में करीब 3.00 घंटे तक चला। इसके बाद यह बातचीत सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी।
— ANI (@ANI) September 5, 2025
Maharashtra Deputy CM Ajit Pawar tweets, "My attention has been drawn to certain videos circulating regarding my interaction with police officials in Solapur. Let me state clearly that my intention was not to interfere with law enforcement but to ensure that the situation on the… pic.twitter.com/lIaYTo0Xjm