
मध्य प्रदेश के मंडला जिले से सामने आया एक वीडियो पूरे देश में चर्चा का विषय बन गया है. वीडियो में स्कूल यूनिफॉर्म पहनी कुछ छात्राएं सरकारी शराब की दुकान से बोतल खरीदती दिखाई दीं. जैसे ही ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, लोगों में गुस्से और हैरानी की लहर दौड़ गई. हर मां-बाप ने यही सवाल उठाया जिन बेटियों को स्कूल पढ़ने भेजा गया, वो आखिर इस हालात तक कैसे पहुंच गईं? बताया जा रहा है कि ये घटना मंडला के नैनपुर कस्बे की है, जहां सरकारी शराब की दुकान के सीसीटीवी फुटेज में ये छात्राएं काउंटर पर जाकर शराब खरीदती नजर आईं.
'कानून का गंभीर उल्लंघन'
वीडियो सामने आते ही प्रशासन हरकत में आया. नैनपुर के एसडीएम अशुतोष ठाकुर, तहसीलदार और स्थानीय पुलिस टीम मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू की. फुटेज देखने पर साफ हो गया कि नाबालिग छात्राओं को शराब बेची गई थी, जो कानून का गंभीर उल्लंघन है. एसडीएम ने आबकारी विभाग को तुरंत रिपोर्ट तैयार करने और सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए. जिला आबकारी अधिकारी रामजी पांडे ने बताया कि “मामला सही पाया गया है, ये न केवल लाइसेंस शर्तों का उल्लंघन है, बल्कि नैतिक जिम्मेदारी की भी अनदेखी है. रिपोर्ट कलेक्टर को भेजी जा रही है, दुकान का लाइसेंस रद्द किया जाएगा और जिम्मेदार कर्मचारी को नौकरी से हटा दिया जाएगा.”
स्कूल और समाज की लापरवाही की तस्वीर !
इस घटना ने सिर्फ प्रशासन नहीं, बल्कि पूरे समाज को हिला दिया है. लोग कह रहे हैं कि ये सिर्फ एक वीडियो नहीं, बल्कि परिवार, स्कूल और समाज की लापरवाही की तस्वीर है. सोशल मीडिया पर कई यूज़र्स ने लिखा मां-बाप अपनी बेटियों के सपनों को सच करने के लिए उन्हें स्कूल भेजते हैं, लेकिन ये वीडियो उन सपनों के टूटने की निशानी है. सवाल ये भी उठ रहा है कि क्या ये किसी गलत संगत या सोशल मीडिया ट्रेंड का असर था, या फिर बच्चों में बढ़ती जिज्ञासा का नतीजा? जो भी वजह हो, इसने समाज की सोच और जिम्मेदारी दोनों पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है.
इसे भी पढ़ें : Nitish Kumar से मिले चिराग पासवान, चर्चाएं होने लगी दिल्ली तक हजार, सामने आई ये अंदर की बात !
हर मां-बाप के लिए एक आईना !
अब प्रशासन जांच कर रहा है, लेकिन लोगों का कहना है कि असली सुधार तब होगा जब घर और स्कूल दोनों जगह बच्चों को जिम्मेदारी और नैतिकता की शिक्षा दी जाएगी. ये घटना सिर्फ मंडला की नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए चेतावनी है कि अगर परिवार, स्कूल और समाज समय रहते अपनी भूमिका नहीं निभाएंगे, तो आने वाली पीढ़ी के हाथों से किताबें छूटकर कुछ और पकड़ाया जाएगा. सोशल मीडिया पर गदर मचा देने वाला ये वीडियो अब हर मां-बाप के लिए एक आईना बन गया है जो दिखा रहा है कि बच्चों की देखभाल सिर्फ खर्च से नहीं, नजर और समझ से भी होती है.