NEET पेपर लीक : पूर्व मिस वर्ल्ड और बॉलीवुड अभिनेत्री मानुषी छिल्लर ने हाल ही में बताया कि 2015 में मेडिकल प्रवेश परीक्षा के दौरान हुए पेपर लीक ने उनकी जिंदगी पर गहरा असर डाला था। उन्होंने कहा कि उस समय उन्होंने लंबे समय तक मेहनत की थी और डॉक्टर बनने का सपना देखा था। लेकिन पेपर लीक की खबर सामने आने के बाद उनकी सारी मेहनत और उम्मीदों पर बड़ा झटका लगा. यह दौर उनके लिए मानसिक रूप से बेहद कठिन साबित हुआ.
दोबारा तैयारी करना नहीं था आसान
मानुषी ने कहा कि जब किसी छात्र को दोबारा परीक्षा देनी पड़ती है, तो केवल एक और टेस्ट नहीं देना होता, बल्कि पूरी तैयारी फिर से शुरू करनी पड़ती है. लगातार पढ़ाई, मानसिक दबाव और भविष्य की चिंता हर छात्र को परेशान करती है। उन्होंने स्वीकार किया कि उस समय खुद को संभालना और फिर से पढ़ाई में पूरी ताकत लगाना आसान नहीं था.
हालिया NEET विवाद ने ताजा कर दीं यादें
हाल के NEET पेपर लीक विवाद पर बात करते हुए मानुषी ने कहा कि इस खबर ने उन्हें अपने पुराने संघर्ष याद दिला दिए। उन्होंने महसूस किया कि आज जिन छात्रों पर यह स्थिति आई है, वे भी उसी तरह के तनाव और अनिश्चितता से गुजर रहे होंगे। उनके अनुसार, परीक्षा से जुड़ी ऐसी घटनाएं केवल परिणामों को नहीं, बल्कि छात्रों के आत्मविश्वास और मानसिक स्थिति को भी प्रभावित करती हैं.
छात्रों के संघर्ष को समझना जरूरी
मानुषी का मानना है कि किसी भी प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी में छात्र अपना समय, मेहनत और कई व्यक्तिगत खुशियां दांव पर लगा देते हैं. ऐसे में अगर परीक्षा व्यवस्था में गड़बड़ी होती है, तो इसका असर केवल अंकों तक सीमित नहीं रहता। उन्होंने कहा कि छात्रों की भावनाओं और उनके संघर्ष को गंभीरता से समझना बेहद जरूरी है.
संघर्ष से मिली नई पहचान
मानुषी ने कठिन दौर के बावजूद हार नहीं मानी और अपने लक्ष्य की ओर लगातार आगे बढ़ती रहीं. आगे चलकर उन्होंने मिस वर्ल्ड का खिताब जीतकर देश का नाम रोशन किया और फिल्म इंडस्ट्री में भी अपनी अलग पहचान बनाई। उनका संदेश है कि मुश्किल समय चाहे कितना भी बड़ा क्यों न हो, धैर्य, मेहनत और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने से सफलता जरूर मिलती है.