मां वैष्णो देवी को भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण करने वाली देवी माना जाता है। इसी आस्था के कारण हर वर्ष देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु कटरा स्थित माता के पावन धाम में दर्शन के लिए पहुंचते हैं। दर्शन के साथ-साथ भक्त मां के दरबार में हवन कराना भी विशेष पुण्यदायी मानते हैं। अब यह सुविधा और भी सरल हो गई है, क्योंकि हवन की व्यवस्था ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से उपलब्ध है। यानी जो भक्त मंदिर तक नहीं पहुंच पाते, वे भी घर बैठे हवन का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
हवन बुकिंग की व्यवस्था कैसे करें
माता वैष्णो देवी मंदिर में हवन कराने के लिए दो विकल्प उपलब्ध हैं। ऑफलाइन हवन बुकिंग के लिए श्रद्धालुओं को कटरा स्थित दुर्गा भवन के रिसेप्शन पर संपर्क करना होता है। वहीं ऑनलाइन बुकिंग के लिए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। भक्त अपनी सुविधा के अनुसार व्यक्तिगत रूप से या परिवार के साथ हवन बुक कर सकते हैं। ऑनलाइन माध्यम से विदेश में रहने वाले श्रद्धालु भी इस धार्मिक अनुष्ठान का लाभ ले सकते हैं।
माता वैष्णो देवी में हवन का शुल्क
हवन का शुल्क श्रद्धालुओं की संख्या के अनुसार तय किया गया है। यदि कोई भक्त अकेले हवन कराना चाहता है तो इसके लिए निर्धारित शुल्क ₹3,100 है। दो सदस्यों के साथ हवन कराने पर ₹5,100 का भुगतान करना होता है। वहीं पांच सदस्यों तक के पूरे परिवार के लिए हवन शुल्क ₹11,000 रखा गया है। इसके अलावा विदेश में रहने वाले श्रद्धालुओं के लिए ऑनलाइन हवन की विशेष सुविधा उपलब्ध है, जिसका शुल्क 5100 डॉलर है। इस व्यवस्था के अंतर्गत उन्हें प्रसाद भी भेजा जाता है।
हवन की टाइमिंग क्या है
मां वैष्णो देवी मंदिर में हवन दिन में निर्धारित समय पर ही किया जाता है। सुबह का पहला हवन 9:00 से 10:00 बजे तक होता है। इसके बाद दूसरा सत्र 11:00 से 12:00 बजे तक चलता है। दोपहर में 1:00 से 2:00 बजे के बीच भी हवन कराया जा सकता है। दिन का अंतिम हवन सत्र 3:00 से 4:00 बजे तक होता है। इसके बाद मंदिर परिसर में आरती और अन्य धार्मिक कार्यक्रम शुरू हो जाते हैं, इसलिए हवन की प्रक्रिया बंद कर दी जाती है।