मेघालय की खूबसूरत पहाड़ियों में रचा गया हनीमून मर्डर अब तक के सबसे सनसनीखेज अपराधों में गिना जा रहा है। इंदौर के कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या का सच जैसे-जैसे सामने आ रहा है, वैसे-वैसे इस साजिश की बर्बरता भी उजागर हो रही है। खुलासा हुआ है कि हत्या के बाद पत्नी सोनम रघुवंशी ने हथियार पर लगा खून कपड़े या पेपर नहीं, बल्कि जंगली घास से साफ किया था।
पत्नी और प्रेमी ने रची थी हत्या की साजिश
पुलिस जांच में सामने आया कि सोनम शादी के बाद भी अपने प्रेमी राज कुशवाह से संपर्क में थी। दोनों ने मिलकर राजा रघुवंशी की हत्या की योजना बनाई थी। शुरुआत में सोनम ने अपनी मौत का नाटक रचने की प्लानिंग की थी, लेकिन बाद में इसे पति की हत्या में बदल दिया गया ताकि वे बाद में साथ रह सकें।
असम में फेल हुई साजिश, मेघालय में दिया वारदात को अंजाम
पहली बार हत्या की योजना असम में बनाई गई थी, लेकिन असफल रही। इसके बाद पूरी साजिश मेघालय के सोहरा (चेरापूंजी) में रची गई। 23 मई को राजा और सोनम ट्रेकिंग के बहाने वेई सावडोंग पार्किंग क्षेत्र पहुंचे, जहां पहले से तीन हमलावर विशाल चौहान, आकाश राजपूत और आनंद कुर्मी मौजूद थे।
दाओ से किए गए वार, फिर मिटाए गए सबूत
हमलावरों ने धारदार दाओ से राजा के सिर और गर्दन पर वार किया। हत्या के बाद हथियार खून से सना था, जिसे सोनम ने आसपास उगी जंगली घास से साफ किया। इसके बाद उसने उसी दाओ से राजा का मोबाइल तोड़ दिया ताकि उसकी लोकेशन ट्रेस न की जा सके। खून से सनी शर्ट को भी खाई में फेंक दिया गया।
इंदौर लौटकर छिपी रही सोनम
हत्या के बाद सोनम ने बुर्का पहनकर शिलांग के रास्ते इंदौर वापसी की। वहां वह प्रेमी राज के घर में तीन दिनों तक छिपी रही। बाद में दोनों एक किराए के फ्लैट में शिफ्ट हुए, जहां से सोनम ने नया सिम लेकर पुराना सिम कार्ड नष्ट कर दिया। पुलिस अब इस मामले में सबूत मिटाने वालों पर दूसरी चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी में है।