इस मानसून में देश के कई हिस्सों में तबाही मची है. मध्य प्रदेश के शहडोल में 24 घंटों में करीब 4 इंच बारिश हुई, बाढ़ से 3,000 से ज्यादा घरों में पानी भर गया और अस्पताल में भर्ती मरीजों को शिफ्ट करना पड़ा. राजस्थान के झुंझुनूं में हाल ही में बने NH‑52 से जुड़ी सड़क बारिश के पानी में बह गई, जिससे इलाके का संपर्क टूट गया. वहीं, उत्तराखंड के यमुनोत्री हाईवे पर ओजरी क्षेत्र में एक पुल बह जाने से रास्ता बंद हो गया है और बद्रीनाथ हाईवे पर भी लैंडस्लाइड से संपर्क टूट चुका है. इन आपदाओं से प्रभावित लोगों को राहत पहुंचाने के प्रयास तेज़ हो गए हैं, लेकिन सड़कों की मरम्मत और पुलों की ठीक करने में वक्त लग सकता है.
मध्य प्रदेश – शहडोल में बाढ़ जैसे हालात
शहडोल जिले में पिछले 24 घंटों में लगभग 4 इंच बारिश दर्ज हुई, जिसके चलते लगभग 3,000 घरों में पानी घुस गया और पूरे शहर के लगभग 40% हिस्से जलमग्न हो गए . प्राथमिक चिकित्सा अस्पताल के तीन मुख्य वार्डों में पानी भर गया, जिस वजह से मरीजों को ऊपर की मंजिलों पर शिफ्ट करना पड़ा. वहीं शहर के रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म और पटरी में पानी भर गया, जिसके कारण ट्रेन सेवाएं लगभग चार घंटे बंद रहीं. थाना परिसर, एटीएम तक पानी में डूबे हुए हैं,प्रशासन ने राहत‑बचाव कार्य शुरू कर दिए हैं.
उत्तराखंड – हाईवे बंद, लैंडस्लाइड की मार
यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग के ओजरी क्षेत्र में भारी बारिश के चलते एक पुल बह गया, जिससे सड़क संपर्क पूरी तरह टूट गया. वहीं श्रीनगर, चमोली और चंबा जिले स्थित बद्रीनाथ हाईवे पर भारी लैंडस्लाइड के बाद मार्ग बंद कर दिया गया, SDRF‑ NDRF की टीमें राहत कार्य में जुटी हैं. बता दें कि कड़ाके की बारिश से उत्तारकाशी में बादल फटने की भी घटनाएं हुई. यमुनोत्री और बद्रीनाथ मार्गों पर यातायात प्रभावित हुआ, कुछ स्थानों पर यात्री भी फंसे रहे. वहीं अब सरकारी स्तर पर लैंडस्लाइड अलर्ट जारी किया गया है और मलबा हटाने की कार्रवाई जारी है.
हिमाचल प्रदेश– बादल फटने से कई सड़कें बंद
20 जून से 6 जुलाई तक हिमाचल प्रदेश में 19 बार बादल फटने, 23 बार बाढ़ और 19 लैंडस्लाइड की घटनाएं हुईं. इससे 269 सड़कें बंद हैं. बारिश‑ संबंधित हादसों में अब तक 82 लोगों की मौत हो चुकी है, जिसमें मुख्य तौर पर मंडी और कांगड़ा जिलों में बड़ी संख्या में मौतें शामिल हैं.
राजस्थान में हालात
झुंझुनूं में बाघोली नदी उफान पर है,यहां राष्ट्रीय राजमार्ग‑52 से जुड़ी सड़क बह गई है. वहीं सूरतकरणी क्षेत्र में नाले उफान पर हैं और शहरों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है.
IMD अलर्ट और प्रशासन की तैयारी
IMD ने भारी बारिश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है जिसके बाद उत्तराखंड, हिमाचल, राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों में सतर्कता बढ़ाई गई है. राहत‑बचाव दल, NDRF‑SDRF, पुलिस और स्थानीय प्रशासन सोमवार से अभियान चला रहे हैं, मलबा निकासी और नदी किनारे रहने वालों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने को वरीयता दे रहे हैं.