Mohan Government Big Decision: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मध्यप्रदेश कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। सरकार ने डिफॉल्टर किसानों को राहत देने के लिए ‘कवच योजना’ शुरू करने का फैसला लिया है। इसके अलावा ग्वालियर में देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन स्थापित करने, शिक्षा व्यवस्था मजबूत करने और स्वास्थ्य व खेल सुविधाओं के विस्तार से जुड़े कई बड़े निर्णय लिए गए हैं।
डिफॉल्टर किसानों को राहत देने के लिए शुरू होगी ‘कवच योजना’
भोपाल स्थित मंत्रालय में हुई कैबिनेट बैठक के बाद पीडब्ल्यूडी मंत्री राकेश सिंह ने सरकार के फैसलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सहकारिता विभाग की ओर से ‘कवच योजना’ शुरू की जाएगी। यह योजना उन किसानों के लिए होगी, जिनके सहकारी समितियों के ऋण खातों में हुई अनियमितताओं के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सरकार का उद्देश्य है कि ऐसी परिस्थितियों में किसान किसी भी तरह प्रभावित न हों और उन्हें दोबारा सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके। योजना के तहत प्रभावित किसानों को राहत देने के लिए जिला सहकारी बैंक और अपेक्स बैंक आवश्यक नीति तैयार करेंगे।
ग्वालियर में बनेगा देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन, 5 हजार लोगों को मिलेगा रोजगार
कैबिनेट बैठक में उद्योग और रोजगार को लेकर भी बड़ा फैसला लिया गया है। मंत्री राकेश सिंह ने बताया कि ग्वालियर में देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन स्थापित किया जाएगा। इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए हैं। यह परियोजना करीब 350 एकड़ क्षेत्र में विकसित होगी, जहां मोबाइल निर्माण, नेटवर्किंग उपकरण, ऑप्टिकल फाइबर केबल, सेमीकंडक्टर चिप्स और 5G-6G तकनीक से जुड़े निर्माण एवं अनुसंधान को बढ़ावा मिलेगा। परियोजना के पहले चरण के लिए केंद्र सरकार ने 493 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी है, जबकि राज्य सरकार 170 एकड़ भूमि उपलब्ध करा रही है। इस परियोजना से करीब 15 हजार करोड़ रुपए का निवेश आने और 5 हजार से अधिक रोजगार के अवसर बनने की उम्मीद है।
शिक्षा क्षेत्र में बड़े फैसले, AI मिशन और नए सांदीपनि स्कूलों को मंजूरी
कैबिनेट ने शिक्षा क्षेत्र को लेकर भी कई अहम निर्णय लिए हैं। प्रदेश में 60 नए सांदीपनि स्कूलों की सौगात दी जाएगी। इसके साथ ही स्कूल शिक्षा विभाग में 10 हजार शिक्षकों की भर्ती की गई है। सरकार ने सरकारी स्कूलों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को बढ़ावा देने के लिए AI मिशन ‘बुनियाद’ शुरू किया है, जो प्रदेश के 8 जिलों के 500 सरकारी स्कूलों में संचालित होगा। इसके अलावा बोर्ड परीक्षाओं में लगातार तीन साल तक शत-प्रतिशत परिणाम देने वाले स्कूलों के प्राचार्यों को 1 लाख रुपए की सम्मान राशि देने का फैसला लिया गया है। संबंधित स्कूलों में विकास कार्यों के लिए 5 लाख रुपए की विशेष राशि भी उपलब्ध कराई जाएगी।
जनजातीय शिक्षकों को मिलेगा चतुर्थ क्रमोन्नत वेतनमान का लाभ
कैबिनेट बैठक में जनजातीय कार्य विभाग से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली है। इसके तहत विभाग के शिक्षकों को चतुर्थ क्रमोन्नत वेतनमान योजना का लाभ दिया जाएगा। सहायक शिक्षक, प्राथमिक शिक्षक, माध्यमिक शिक्षक और उच्च श्रेणी शिक्षकों को 1 जुलाई 2023 के बाद 35 वर्ष की सेवा पूरी करने पर यह लाभ मिलेगा। सरकार के अनुसार अगले तीन वर्षों में करीब 6,846 शिक्षक इस योजना से लाभान्वित होंगे।
जनविश्वास अभियान और हर घर तिरंगा अभियान को भी मिली मंजूरी
बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के ‘जन विश्वास अभियान’ को लेकर भी जानकारी दी गई। मुख्यमंत्री 7 अगस्त को छिंदवाड़ा से इस अभियान की शुरुआत करेंगे। इसके तहत सरकार के मंत्री अलग-अलग जिलों में पहुंचकर जनता से सीधा संवाद करेंगे। वहीं 9 से 17 अगस्त तक प्रदेश में ‘हर घर तिरंगा अभियान’ आयोजित किया जाएगा। इस दौरान तिरंगा रैली, प्रदर्शनी, रंगोली, तिरंगा कॉन्सर्ट, ई-बाइक और साइकिल रैली जैसे कार्यक्रम होंगे।
स्वास्थ्य और खेल सुविधाओं के विस्तार पर भी बड़ा फैसला
मोहन कैबिनेट ने स्वास्थ्य और खेल क्षेत्र को मजबूत करने के लिए भी करोड़ों रुपए की योजनाओं को मंजूरी दी है। खेल अधोसंरचना और सुविधाओं के विकास के लिए अगले पांच वर्षों में 2460 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। वहीं लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग के लिए 12,517 करोड़ रुपए, प्रधानमंत्री स्वास्थ्य अधोसंरचना विकास मिशन के लिए करीब 2448 करोड़ रुपए और स्वास्थ्य केंद्रों की स्थापना एवं संचालन के लिए 11,812 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी गई है।