मध्य प्रदेश इन दिनों भीषण गर्मी और लू की चपेट में है, जहां तापमान ने मई महीने के सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। खजुराहो में पारा 47.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो इस सीजन का सबसे अधिक तापमान दर्ज किया गया है। मौसम विभाग ने पूरे प्रदेश में हीटवेव की चेतावनी जारी की है और 7 जिलों में रेड अलर्ट घोषित किया गया है। तेज धूप और गर्म हवाओं ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है।
खजुराहो बना प्रदेश का सबसे गर्म शहर
प्रदेश में सबसे अधिक तापमान खजुराहो में दर्ज किया गया, जहां पारा 47.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार यह मई महीने में अब तक का सर्वाधिक रिकॉर्ड है। इससे पहले यहां 29 अप्रैल 1993 को 46.9 डिग्री तापमान दर्ज हुआ था। इसके अलावा नौगांव भी बेहद गर्म रहा, जहां तापमान 46.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
कई जिलों में 44 डिग्री से ऊपर पहुंचा पारा
भीषण गर्मी का असर प्रदेश के कई जिलों में देखने को मिला है। दमोह में 46 डिग्री, मंडला में 45.6 डिग्री, सतना में 45.3 डिग्री और मुरैना में 45 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इसके अलावा टीकमगढ़, उमरिया, रीवा, सागर, नरसिंहपुर, रायसेन और दतिया सहित 16 जिलों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है, जिससे हालात और गंभीर हो गए हैं।
बड़े शहरों में भी झुलसा देने वाली गर्मी
राजधानी भोपाल सहित प्रदेश के प्रमुख शहरों में भी गर्मी का असर साफ नजर आया। जबलपुर में 44.9 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जबकि ग्वालियर में 44.3 डिग्री रहा। भोपाल में 42.6 डिग्री, उज्जैन में 42 डिग्री और इंदौर में 41.1 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। इन शहरों में दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा देखने को मिला।
7 जिलों में रेड अलर्ट, कई जगह ऑरेंज और येलो अलर्ट
मौसम विभाग ने भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना जिलों में भीषण लू का रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं भोपाल, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, सागर और अन्य कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है। इंदौर, उज्जैन, मंदसौर, नीमच और अन्य जिलों में येलो अलर्ट घोषित किया गया है, जहां गर्मी का असर कम लेकिन लगातार बना हुआ है।
अगले कुछ दिन और बढ़ सकती है परेशानी
मौसम विभाग के अनुसार 23 मई तक प्रदेश में भीषण गर्मी से राहत मिलने की संभावना नहीं है। इसके बाद नौतपा शुरू होने के कारण तापमान और बढ़ सकता है। विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में गर्मी और लू का असर और ज्यादा तीव्र हो सकता है, जिससे सावधानी बरतना बेहद जरूरी है।
विशेषज्ञों की सलाह
मौसम वैज्ञानिकों ने लोगों को दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच बाहर निकलने से बचने की सलाह दी है। साथ ही पर्याप्त पानी पीने, हल्के कपड़े पहनने और शरीर को हाइड्रेट रखने की अपील की गई है। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत बताई गई है।