सावन महीने की शुरुआत के साथ ही मध्य प्रदेश में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। प्रदेश के कई जिलों में रिमझिम से लेकर भारी बारिश का सिलसिला जारी है। रीवा, जबलपुर, शहडोल, नर्मदापुरम, सागर और भोपाल संभाग में मूसलधार बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधि तेज रहने की चेतावनी दी है। नदी-नालों के उफान और सड़कों पर बहते पानी ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है।
5 सिस्टम कर रहे हैं मानसून को सक्रिय
मध्यप्रदेश में एक साथ 5 अलग-अलग मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं।
उत्तर-पश्चिम यूपी की ओर हवा के ऊपरी भाग में चक्रवात
पूर्वोत्तर अरब सागर से पश्चिम बंगाल तक द्रोणिका
गुजरात से ओडिशा तक लो प्रेशर एरिया
पश्चिमी असम से बंगाल तक द्रोणिका
इनकी वजह से लगातार बादल बरस रहे हैं और यह स्थिति 13 जुलाई तक बनी रह सकती है।
इन जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
आज और कल के लिए जिन जिलों में भारी से अति भारी बारिश की संभावना जताई गई है, उनमें शामिल हैं:
अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, दमोह, नर्मदापुरम और बैतूल।
इसके अलावा श्योपुरकलां, मुरैना, विदिशा, पन्ना, सतना, कटनी, अशोकनगर और मैहर में भी तेज बारिश हो सकती है।
इंदौर-उज्जैन संभाग भी भीगेगा
मालवा और निमाड़ के इंदौर और उज्जैन संभाग में भी आज से भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन इलाकों में जलभराव और ट्रैफिक बाधित होने के हालात बन सकते हैं।
नदी-नालों पर उफान, रास्ते बंद
राज्य के कई जिलों में नदी-नाले उफान पर हैं। मंडला, नरसिंहपुर, शिवपुरी और उमरिया में पुलों के ऊपर से पानी बह रहा है। कई मार्ग बंद हो चुके हैं, और कुछ क्षेत्रों से बस व बोलेरो के बहने की घटनाएं सामने आई हैं।
13 जुलाई तक सतर्कता जरूरी
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे बारिश के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें, बेवजह यात्रा न करें और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें। प्रशासन को हाई अलर्ट पर रखा गया है।