मध्य प्रदेश की राजनीति में इन दिनों बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। कांग्रेस के अंदरूनी समीकरणों को लेकर उठ रही चर्चाओं के बीच एक बयान ने राजनीतिक माहौल को और गर्म कर दिया है। बीजेपी नेता इमरती देवी द्वारा पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को पार्टी में आने का खुला न्योता देने के बाद अब सत्ता और विपक्ष के बीच नई सियासी बहस शुरू हो गई है।
वीडियो के बाद बढ़ी राजनीतिक चर्चाएं
हाल ही में सामने आए एक वीडियो के बाद प्रदेश की राजनीति में नई चर्चाएं शुरू हो गईं। वीडियो में कांग्रेस नेताओं के बीच की एक घटना को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं। इसके बाद बीजेपी नेताओं ने कांग्रेस के अंदर मतभेद होने का दावा करते हुए पार्टी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने शुरू कर दिए।
इमरती देवी के बयान से बढ़ा सियासी तापमान
बीजेपी नेता इमरती देवी ने कहा कि कांग्रेस में वरिष्ठ नेताओं को अपेक्षित सम्मान नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि पार्टी के भीतर स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है। इसी दौरान उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को बीजेपी में आने का खुला निमंत्रण भी दिया और कहा कि यदि वह आते हैं तो उन्हें पूरा सम्मान मिलेगा।
कांग्रेस ने दावों को बताया राजनीतिक बयानबाजी
बीजेपी के आरोपों पर कांग्रेस नेताओं ने भी प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस नेताओं ने साफ कहा कि दिग्विजय सिंह के दूसरी पार्टी में जाने जैसी चर्चाओं का कोई आधार नहीं है। पार्टी नेताओं ने इसे केवल राजनीतिक माहौल बनाने की कोशिश बताया और कहा कि ऐसे बयानों का वास्तविकता से कोई संबंध नहीं है।
जीतू पटवारी ने भी दिया जवाब
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पूरे विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि दिग्विजय सिंह उनके लिए सम्माननीय व्यक्ति हैं। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मुद्दों से ध्यान हटाने के लिए इस तरह की बातें सामने लाई जा रही हैं। साथ ही उन्होंने बेरोजगारी, महंगाई और किसानों से जुड़े मुद्दों को भी प्रमुख बताया।