
mp weather : मध्यप्रदेश में एक बार फिर मौसम का कहर टूटने वाला है। बीते कुछ दिनों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जहां जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है, वहीं अब मौसम विभाग ने अगले 12 घंटों को बेहद खतरनाक बताया है। प्रदेश के कई जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। कुछ क्षेत्रों में तेज हवाओं, वज्रपात और बाढ़ जैसी स्थिति की आशंका है। ऐसे में लोगों को सावधानी बरतने की सख्त जरूरत है।
साइक्लोनिक सर्कुलेशन और मानसून ट्रफ बना खतरे की वजह
पश्चिमोत्तर मध्यप्रदेश के ऊपर सक्रिय साइक्लोनिक सर्कुलेशन और दतिया, सीधी के ऊपर से गुजर रही मानसून ट्रफ के चलते राज्य में मौसम ने आक्रामक रुख अख्तियार कर लिया है। लगातार बढ़ती नमी और तेज हवाएं भारी बारिश को और अधिक घातक बना रही हैं।
इन
जिलों में रेड, ऑरेंज
और येलो अलर्ट
रेड अलर्ट: गुना और श्योपुर जिलों में अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। यहां अगले कुछ घंटों में भारी तबाही की आशंका है।
ऑरेंज अलर्ट: विदिशा, राजगढ़, अशोकनगर, शिवपुरी, मुरैना, सागर और दमोह जिलों में भी अतिभारी बारिश का खतरा मंडरा रहा है।
येलो अलर्ट: भोपाल, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर सहित 40 से ज्यादा जिलों में वज्रपात, तेज हवाओं और भारी बारिश की चेतावनी है।
1 और 2 अगस्त को कैसा रहेगा मौसम
1 अगस्त को पूरे प्रदेश में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं 2 अगस्त को कुछ हिस्सों में बादल छाए रहेंगे और कहीं-कहीं हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। हालांकि मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून की रफ्तार भले ही थोड़ी कम हो, लेकिन खतरा टला नहीं है।
सावधानी
ही बचाव है
प्रशासन की ओर से नागरिकों को जलभराव, नदी-नालों के पास न जाने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है। जिन क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति बन रही है वहां बचाव दलों को अलर्ट मोड में रखा गया है।