मध्यप्रदेश सरकार युवाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि प्रदेश का लक्ष्य युवाओं को केवल नौकरी पाने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला बनाना है। दिल्ली में आयोजित मध्यांचल उत्सव-2026 के मंच से उन्होंने युवाओं, निवेश, रोजगार और विकास को लेकर सरकार की सोच और योजनाओं का विस्तार से उल्लेख किया।
स्वामी विवेकानंद की भविष्यवाणी और युवा भारत का नेतृत्व
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि स्वामी विवेकानंद की यह भविष्यवाणी कि 21वीं सदी भारत की होगी, आज साकार होती दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि भारत ने वैश्विक मंचों पर अपनी साख मजबूत की है और देश नैतिक शक्ति के आधार पर विश्व नेतृत्व की ओर बढ़ रहा है। भारत विश्व का सबसे युवा लोकतांत्रिक देश है और यह युवा शक्ति देश के विकास की सबसे बड़ी पूंजी है।
युवाओं के साथ सरकार, सशक्तिकरण सर्वोच्च प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश देश के उन राज्यों में शामिल है जहां बेरोजगारी की दर सबसे कम है। राज्य सरकार हर कदम पर युवाओं के साथ खड़ी है। शिक्षा, कौशल विकास, स्टार्टअप और नवाचार के लिए अनुकूल माहौल तैयार किया गया है। प्रदेश के युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
जॉब सीकर नहीं, जॉब क्रिएटर बनें युवा
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि मध्यप्रदेश का युवा नौकरी ढूंढने वाला नहीं, बल्कि रोजगार सृजन करने वाला बने। कृषि-टेक्नोलॉजी, चिकित्सा, टेक्सटाइल, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और नवाचार जैसे क्षेत्रों में युवाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। युवाओं की क्षमता को दिशा देकर प्रदेश और देश को सशक्त बनाया जा रहा है।
सिंचाई, मेडिकल कॉलेज और उद्योगों पर फोकस
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में सिंचाई के रकबे में लगातार वृद्धि हुई है और आगामी पांच वर्षों में राज्य का बजट दोगुना करने का लक्ष्य है। पीपीपी मॉडल के तहत नए मेडिकल कॉलेज खोले जा रहे हैं ताकि डॉक्टरों की संख्या बढ़ाई जा सके। टेक्सटाइल उद्योग में रोजगार बढ़ाने के लिए सरकार प्रति श्रमिक 5 हजार रुपये मासिक सहयोग दे रही है।
सस्ती बिजली, पर्यटन और निवेश के नए अवसर
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश बिजली सरप्लस राज्य है और रिन्यूएबल एनर्जी के क्षेत्र में सबसे कम दर पर बिजली उपलब्ध कराई जा रही है। पर्यटन, फिल्म नीति, माइनिंग और जैव विविधता के क्षेत्र में भी राज्य अग्रणी भूमिका निभा रहा है। उन्होंने युवाओं से संगठित होकर सकारात्मक कार्यों में भागीदारी निभाने का आह्वान किया।