मेरठ। मेरठ के ही नहीं बल्कि देश के चर्चित नीले ड्रम के मुकदमे में जिला जज अरविंद कुमार मिश्र ने मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल को दोषी करार दिया है। मुस्कान ने अपने पति सौरभ राजपूत की प्रेमी साहिल के साथ मिलकर हत्या की थी और शव को टुकड़ों में काटकर नीले ड्रम में सीमेंट और रेत से जमा दिया था। जिला जज 15 दिन बाद सजा सुनाएंगे। दोनों आरोपियों को दोषी करार करने के दौरान कोर्ट में सौरभ की मां और भाई भी मौजूद थे और अधिवक्ताओं की उपस्थिति से कोर्ट के अंदर पैर रखने की जगह नहीं थी। सब को उम्मीद थी कोर्ट बुधवार को फैसला सुनाएगी।
3 मार्च 2025 को मुस्कान रस्तोगी ने अपने प्रेमी साहिल शुक्ला के साथ मिलकर पति सौरभ राजपूत निवासी इंद्रापुरम की सब्जी काटने वाले चाकू से हत्या कर दी थी और शव को टुकड़ों में काटकर नीले ड्रम में डालकर उस पर सीमेंट और रेत डालकर जमा दिया था। इस जघन्य हत्या को अंजाम देने के लिए दोनों आरोपियों ने सौरभ को खाने में नशे की ओवरडोज दी थी।
वारदात के बाद दोनों आरोपियों कैब बुक कर उत्तराखंड और हिमाचल घूमने के लिए चले गए थे। सौरभ के भाई राहुल उर्फ बबलू ने हत्या की आशंका जताते हुए ब्रह्मपुरी थाने में मुस्कान और साहिल के खिलाफ तहरीर दी थी। 18 मार्च को पुलिस ने दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी और दोनों की निशानदेही पर छत पर रखे नीले ड्रम से सौरभ का शव बरामद किया था और शव को ड्रम से निकालने के लिए पुलिस को काटना पड़ा था, क्योंकि शव सीमेंट और रेत के घोल से जम चुका था। ब्रह्मपुरी पुलिस ने 19 मार्च को मुकदमा दर्ज दोनों को जेल भेज दिया था। दोनों के खिलाफ पुलिस ने कोर्ट में 1,000 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की थी।
मुकदमे की सुनवाई जिला जज की अदालत चली। सुनवाई के दौरान पुलिस ने 22 गवाहों के बयान अदालत में कराए और सुनवाई के दौरान 126 तारीख लगी। 19 सितंबर को कोर्ट ने बहस पूरी करने के बाद सजा के फैसले के लिए 30 सितंबर की तिथि नियत की थी। बुधवार को जिला जज अरविंद कुमार मिश्र ने भरी अदालत में मुस्कान और साहिल को दोषी करार दिया। सौरभ के अधिवक्ता विजय बहादुर सिंह ने बताया, जिला जज 15 दिन बाद दोनों को सजा सुनाएंगे। दोनों के दोष सिद्ध होने के बाद कोर्ट से बाहर आई सौरभ की मां रेनू देवी और भाई राहुल उर्फ बबलू ने दोनों को फांसी देने की मांग की।