NCERT New Textbooks: नेशनल काउंसलिंग ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (NCERT) ने कक्षा 11वीं और 12वीं की पॉलिटिकल साइंस की नई पाठ्यपुस्तकें तैयार करने के लिए 20 सदस्यीय विशेषज्ञ टीम का गठन किया है। यह नई टीम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) और नेशनल करिकुलम फ्रेमवर्क फॉर स्कूल एजुकेशन के दिशानिर्देशों के अनुसार नया सिलेबस और किताबें तैयार करेगी।
प्रो. संदीप शास्त्री करेंगे नेतृत्व
निट्टे डीम्ड यूनिवर्सिटी के वाइस प्रेसिडेंट (बेंगलुरु) और राजनीतिक विश्लेषक प्रो. संदीप शास्त्री इस 20 सदस्यीय टीम की अगुवाई करेंगे। उनके साथ डॉ.वंथांगपुई खोबुंग और डॉ. सुभाष सिंह को सदस्य समन्वयक बनाया गया है, जो NCERT और टीम के बीच बैठकों व प्रकाशन प्रक्रिया का समन्वय करेंगे।
4 सदस्यों के RSS और ABVP से जुड़े होने का दावा
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस 20 सदस्यीय टीम में विभिन्न विश्वविद्यालयों, लॉ संस्थानों और शैक्षणिक क्षेत्रों के विशेषज्ञ शामिल हैं। इसमें से चार सदस्यों के राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ या अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से जुड़े होने का दावा किया जा रहा है। इनमें यदुनाथ देशपांडे (वरिष्ठ सलाहकार), डॉ.प्रशांत दिवेकर (ज्ञान प्रबोधिनी), प्रो. वंदना मिश्रा (JNU) और डॉ. रमेश चंद्र शुक्ला (JNU) शामिल हैं।
किताबों के प्रकाशन की समय-सीमा
NCERT नई किताबों के लिए समय सीमा भी तय करती है। कक्षा 11वीं की पॉलिटिकल साइंस की किताब को 30 नवंबर 2026 तक पूरा करना होगा। वहीं, 12वीं की किताबें 30 जुलाई 2027 तक तैयार करने का लक्ष्य है। नई किताबों को NEP 2020 और NCF-SE 2023 के तहत किए जा रहे पाठ्यक्रम बदलाव के रूप तैयार किया जाएगा।
भारतीय ज्ञान प्रणाली और आधुनिक विषयों पर जोर
नई किताबों में इंडियन नॉलेज सिस्टम और भारत की सांस्कृतिक विरासत को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके अलावा समानता, समावेशी शिक्षा, नैतिक मूल्य, पर्यावरण और सूचना एंव संचार तकनीक जैसे विषयों को भी अध्यायों में जोड़ा जाएगा। टीम को NCERT के इंडियन नॉलेज सिस्टम, सोशल साइंस, भाषाओं, पर्यावरण शिक्षा और इनोवेटिव पेडागॉजी से जुड़े समूह के साथ सलाह मशविरा करना होगा. किताब के प्रत्येक चैप्टर में इन विषयों को किस तरह शामिल किया गया है, इसकी समीक्षा भी की जाएगी।
समीक्षा के बाद ही होंगी प्रकाशित
नई किताब अभी सीधे प्रकाशित नहीं की जाएगी। किताबों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए बहुस्तरीय समीक्षा प्रक्रिया अपनाई जाएगी। ड्राफ्ट तैयार होने के बाद पूरी 20 सदस्यीय टीम और टेक्स्टबुक कोर ग्रुप इसकी समीक्षा करेगा। NCERT के संबंध समिति अभी किताबों की समीक्षा करेगी। अंतिम मंजूरी के बाद ही किताबों को प्रकाशित और छात्रों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। वहीं जरूरत पड़ने पर NCERT किसी खास चैप्टर के लिए बाहरी एक्सपर्ट टीचर इलस्ट्रेटर या डिजाइनरों को भी शामिल कर सकता है।