Asian Games: एशियन गेम्स 2026 में भारत के स्टार जैवलिन थ्रो खिलाड़ी नीरज चोपड़ा मैदान में नजर नहीं आएंगे। टखने की लिगामेंट चोट के कारण उन्हें टूर्नामेंट से हटने का फैसला लेना पड़ा। दो बार के एशियन गेम्स स्वर्ण पदक विजेता नीरज इस बार भी गोल्ड मेडल के बड़े दावेदार माने जा रहे थे, लेकिन चोट ने उनके सपनों पर ब्रेक लगा दिया। टूर्नामेंट शुरू होने के साथ ही नीरज ने एक भावुक संदेश साझा कर अपना दर्द बयां किया।
2018 और 2023 की यादें आईं सामने
नीरज चोपड़ा ने अपने संदेश में एशियन गेम्स से जुड़ी खास यादों को याद किया। उन्होंने बताया कि 2018 में जकार्ता एशियन गेम्स में 20 साल की उम्र में भारत का झंडा लेकर जाना और फिर स्वर्ण पदक जीतना उनके जीवन के सबसे खास पलों में से एक था। इसके बाद 2023 में भी उन्होंने अपना खिताब बचाया था। यही वजह है कि 2026 में फिर से देश के लिए उतरना उनके लिए बेहद मायने रखता था।
'भारत का प्रतिनिधित्व न कर पाना मुश्किल'
नीरज ने कहा कि इस बार भारत का प्रतिनिधित्व नहीं कर पाना उनके लिए बेहद कठिन है। उन्होंने बताया कि काफी सोच-विचार के बाद उन्हें यह स्वीकार करना पड़ा कि वह प्रतियोगिता में हिस्सा नहीं ले पाएंगे। उनके अनुसार देश की उम्मीदों के साथ मैदान में उतरना गर्व की बात होती है, लेकिन उस मौके को खो देना बेहद दुखद है। उन्होंने माना कि चोट खेल का हिस्सा है और कई बार खिलाड़ी के नियंत्रण से बाहर होती है।
दोस्तों का जिक्र कर हुए भावुक
अपने संदेश में नीरज ने उन दोस्तों का भी जिक्र किया जिन्होंने मुश्किल समय में उनका साथ दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में हमेशा सलाह की जरूरत नहीं होती, बल्कि ऐसे लोगों की जरूरत होती है जो आपको सामान्य महसूस कराएं। नीरज ने बताया कि उनके कुछ दोस्त उनकी चोट पर बात करने के बजाय दूसरी बातें करते हैं और उन्हें हंसाने की कोशिश करते हैं। यही चीज उन्हें मानसिक रूप से मजबूत बनाए रखने में मदद कर रही है।
'मैं अभी ठीक नहीं हूं'
नीरज ने स्वीकार किया कि यह दौर उनके लिए आसान नहीं है। उन्होंने कहा कि उनके करीबी दोस्त जानते हैं कि वह अभी ठीक महसूस नहीं कर रहे हैं, लेकिन फिर भी उन्हें सकारात्मक बनाए रखने की कोशिश करते हैं। नीरज के इस बयान से साफ झलकता है कि एशियन गेम्स से बाहर होना उनके लिए सिर्फ एक खेली झटका नहीं, बल्कि भावनात्मक रूप से भी बड़ा नुकसान है।
अब खिलाड़ियों को करेंगे सपोर्ट
हालांकि खुद मैदान में नहीं उतर पाने का दुख नीरज के शब्दों में साफ दिखाई दिया, लेकिन उन्होंने भारतीय खिलाड़ियों के लिए अपना समर्थन भी जताया। उन्होंने कहा कि एशियन गेम्स 2026 में हिस्सा नहीं ले पाने की कमी उन्हें खलेगी, लेकिन वह देश के खिलाड़ियों का पूरा समर्थन करेंगे। नीरज को उम्मीद है कि भारतीय दल इस बार भी कई यादगार पल बनाएगा और देश का नाम रोशन करेगा।