नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने शनिवार को देश की प्रमुख राजनीतिक पार्टियों के शीर्ष नेताओं के साथ अहम बैठक की। यह बैठक अगले साल 5 मार्च को होने वाले संसदीय चुनावों को लेकर बुलाई गई थी।
इन नेताओं से सीधे तौर पर बातचीत की
खास बात यह रही कि प्रधानमंत्री बनने के बाद यह पहला मौका था, जब सुशीला कार्की ने इन नेताओं से सीधे तौर पर बातचीत की। प्रधानमंत्री के आधिकारिक आवास पर हुई इस बैठक में नेपाली कांग्रेस के अध्यक्ष शेर बहादुर देउबा, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल (यूएमएल) के अध्यक्ष केपी शर्मा ओली और नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी के समन्वयक पुष्प कमल दहल शामिल हुए। ये तीनों नेता पहले भी देश के प्रधानमंत्री रह चुके हैं। इससे पहले मंगलवार को राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल की पहल पर इन नेताओं की एक बैठक हुई थी, लेकिन प्रधानमंत्री कार्की के साथ यह उनकी पहली सीधी मुलाकात थी।
सुप्रीम कोर्ट में याचिकाएं भी दाखिल की
यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब नेपाल की राजनीति में तनाव का माहौल बना हुआ है। यूएमएल और नेपाली कांग्रेस जैसी बड़ी पार्टियों ने कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर चिंता जताई है। साथ ही, कुछ नेताओं ने भंग की गई प्रतिनिधि सभा की बहाली की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिकाएं भी दाखिल की हैं।
शेर बहादुर देउबा ने पत्रकारों से बातचीत
बैठक के बाद पूर्व प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सभी राजनीतिक दल मार्च में होने वाले चुनावों में हिस्सा लेने के लिए तैयार हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि फिलहाल चुनावों के लिए अनुकूल माहौल पूरी तरह तैयार नहीं हो पाया है। सरकार की ओर से जानकारी देते हुए संचार और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री एवं सरकार के प्रवक्ता जगदीश खरेल ने बताया कि बैठक में शामिल तीनों नेताओं ने चुनाव में भाग लेने की सहमति जताई है।