अगर आप भी व्हाट्सएप चला रहे हैं तो थोड़ा सावधान हो जाइए क्योंकि अब व्हॉट्सऐप के जरिए झूठे बिल अपडेट मैसेज भेजे जा रहे है, जिसके चलते आपका फर्जी APK फाइल से डाटा हैक हो सकता है.
लाख कोशिशों के बाद भी साइबर ठगी पर रोक नहीं लग पा रही है, क्योंकि एक से एक ऐसे नए कारनामे सामने आ रहे हैं जो सबकी टेंशन बढ़ा रहे हैं, हाल ही में नोएडा में साइबर ठगों ने एक नई साजिश को अंजाम देने की कोशिश शुरू कर दी है. अब ‘नोएडा जल’ या ‘नोएडा वॉटर सप्लाई डिस्ट्रीब्यूशन प्राइवेट लिमिटेड’ के नाम पर आम लोगों को फर्जी नोटिस भेजकर भ्रमित किया जा रहा है. नोएडा प्राधिकरण ने इस साइबर ठगी को लेकर आधिकारिक रूप से चेतावनी जारी की है और नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है.
क्या है फर्जीवाड़े का तरीका?
साइबर ठग व्हाट्सएप पर एक फर्जी संदेश भेज रहे हैं, जिसमें ये दावा किया जा रहा है कि पिछले महीने का जल बिल अदायगी न होने के कारण रात 9:30 बजे जल आपूर्ति काट दी जाएगी. साथ ही एक व्यक्ति 'देवेश जोशी' से संपर्क करने को कहा जा रहा है और एक संदिग्ध लिंक के जरिए ‘पाइप लाइन वॉटर बिल अपडेट.APK’ नामक ऐप डाउनलोड करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है. इस संदेश में 'नोएडा जल' की डिस्प्ले पिक्चर भी लगाई गई है, जिससे यह अधिक असली लगे। लेकिन वास्तव में यह पूरी तरह फर्जी और भ्रामक मैसेजिंग स्कैम है, जिससे लोगों के मोबाइल डिवाइस हैक किए जा सकते हैं या उनके बैंकिंग विवरण चुराए जा सकते हैं.
नोएडा प्राधिकरण ने क्या कहा?
अब इस मामले में नोएडा प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि जल विभाग की ओर से ऐसा कोई नोटिस जारी नहीं किया गया है। न ही कोई आधिकारिक लिंक या .apk फाइल उपयोगकर्ताओं को भेजी गई है. प्राधिकरण ने इसे साइबर अपराध की गंभीर घटना बताते हुए लोगों से अपील की है कि इस प्रकार के मैसेज पर विश्वास न करें, किसी भी लिंक या अज्ञात ऐप को डाउनलोड न करें, कोई भी निजी या बैंकिंग जानकारी साझा न करें, तुरंत स्थानीय पुलिस या नोएडा प्राधिकरण को सूचित करें, एफआईआर दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू. प्राधिकरण के अनुसार, इस साइबर ठगी को लेकर पुलिस स्टेशन में प्राथमिकी दर्ज कराई जा रही है. संदिग्ध नंबरों और व्हाट्सएप मैसेज की जांच की जा रही है ताकि दोषियों को जल्द पकड़ा जा सके. प्राधिकरण और पुलिस दोनों ने आम जनता से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत देने की अपील की है. ऐसे स्कैम न केवल आपकी वित्तीय जानकारी को खतरे में डाल सकते हैं बल्कि आपके डिवाइस को भी नुकसान पहुँचा सकते हैं.