नोएडा। शहर के चमचमाते मॉल और हाईराइज बिल्डिंगों के बीच रहने वाले ग्रामीण इलाकों के बच्चों और युवाओं की कुश्ती के प्रति दीवानगी को देखते हुए नोएडा प्राधिकरण ने एक प्रेरणादायक कदम उठाया है। सोमवार को मुख्य कार्यपालक अधिकारी डॉ लोकेश एम ने तीन गाँवों सर्फाबाद, सोरखा और पर्थला में आधुनिक शेडेड कुश्ती अखाड़ों के निर्माण को सैद्धांतिक मंजूरी दे दी। कुल 2.56 करोड़ रुपये की इस परियोजना से सैकड़ों होनहार पहलवान अब मिट्टी के बजाय पक्के अखाड़े में दांव-पेंच सीख सकेंगे।
नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों का कहना है कि इन तीनों गाँवों में कुश्ती के प्रति युवाओं का जबरदस्त लगाव देखा गया है। सुबह-शाम खेतों के किनारे, खुले मैदानों और अस्थायी अखाड़ों में सैकड़ों बच्चे-युवा पसीना बहाते नजर आते हैं। कई बच्चे राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर मेडल भी जीत चुके हैं, लेकिन बारिश और धूप में ट्रेनिंग की मजबूरी उन्हें पीछे खींच लेती थी।
इसी को ध्यान में रखते हुए प्राधिकरण ने यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।ये अखाड़े ग्राम सर्फाबाद के लिए महादेव अपार्टमेंट, सेक्टर-73 के पास, ग्राम पर्थला के लिए खेल मैदान, FNG मार्ग के समीप और ग्राम सोरखा के लिए शिव गेट के पास बनाये जाएंगे।
हर अखाड़े में शेड के साथ चारदीवारी, ड्रेसिंग रूम, कोच रूम और अन्य खेल गतिविधियों के लिए कमरे बनाए जाएंगे, ताकि पहलवानों को साल भर बिना रुकावट ट्रेनिंग मिल सके।
सीईओ कार्यालय के अनुसार बहुत जल्द टेंडर प्रक्रिया पूरी कर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। उम्मीद है कि अगले साल गर्मियों से पहले ये तीनों अखाड़े पहलवानों के हवाले कर दिए जाएंगे।
ग्राम सर्फाबाद के एक युवा पहलवान रवि यादव ने खुशी जाहिर करते हुए कहा, “अब हम भी अच्छे अखाड़े में प्रैक्टिस कर पाएंगे। बारिश में कीचड़ और गर्मी में धूप से छुटकारा मिलेगा। हमारा सपना ओलंपिक तक जाना है, यह अखाड़ा उस सपने को पंख देगा।”नोएडा प्राधिकरण के इस कदम से न सिर्फ ग्रामीण क्षेत्र के खिलाड़ियों को नई सुविधा मिलेगी, बल्कि कुश्ती जैसे पारंपरिक खेल को भी नई पीढ़ी तक पहुँचाने में मदद मिलेगी। यह साफ संदेश है कि शहर चाहे जितना मॉडर्न हो जाए, लेकिन अपनी जड़ों और होनहार प्रतिभाओं को तराशने का जज्बा अभी बाकी है।