पेंशन निधि नियामक और विकास प्राधिकरण PFRDA ने नेशनल पेंशन सिस्टम में बड़ा बदलाव कर दिया है। अब गैर-सरकारी यानी प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारी रिटायरमेंट के समय अपने एनपीएस फंड का 80 फीसदी हिस्सा एकमुश्त निकाल सकेंगे। पहले यह सीमा सिर्फ 60 फीसदी थी और 40 फीसदी राशि से एन्युटी खरीदना अनिवार्य था। नए नियम दिसंबर 2025 से लागू माने जाएंगे। यानी उस समय या उसके बाद रिटायर होने वाले एनपीएस सब्सक्राइबर्स को ज्यादा कैश हाथ में मिलेगा और पेंशन के लिए कम रकम लॉक करनी होगी।
एन्युटी की हिस्सेदारी अब सिर्फ 20%
संशोधित नियमों के तहत अब एनपीएस में एन्युटी की अनिवार्य हिस्सेदारी 40 फीसदी से घटाकर 20 फीसदी कर दी गई है। इसका मतलब यह है कि रिटायरमेंट के बाद मिलने वाली मासिक पेंशन पहले के मुकाबले कम हो सकती है, लेकिन रिटायरमेंट के समय मिलने वाला एकमुश्त अमाउंट काफी बढ़ जाएगा। एन्युटी वह निवेश होता है, जिससे रिटायरमेंट के बाद हर महीने तय पेंशन मिलती है। नया नियम ऑल सिटिजन मॉडल और कॉरपोरेट एनपीएस दोनों पर लागू होगा और इसे प्राइवेट कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।
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अब कितना पैसा निकाल सकते हैं आप
नए नियमों में कुल जमा राशि के हिसाब से निकासी की अलग-अलग सीमाएं तय की गई हैं। अगर किसी एनपीएस सब्सक्राइबर के खाते में 8 लाख रुपये से कम हैं तो वह पूरी राशि निकाल सकता है और एन्युटी लेना उसके लिए वैकल्पिक होगा। 8 से 12 लाख रुपये के बीच राशि होने पर अधिकतम 6 लाख रुपये एकमुश्त निकाले जा सकते हैं, बाकी रकम से एन्युटी खरीदी जा सकती है या छह साल तक चरणबद्ध निकासी की जा सकती है। वहीं अगर कुल राशि 12 लाख रुपये से ज्यादा है तो कम से कम 20 फीसदी एन्युटी में लगाना जरूरी होगा और 80 फीसदी तक एकमुश्त निकासी की अनुमति होगी।
60 साल से पहले और बाद के नियम
अगर कोई सब्सक्राइबर 60 साल से पहले एनपीएस से बाहर निकलना चाहता है और खाते में 5 लाख रुपये तक जमा हैं, तो पूरी राशि निकाली जा सकती है। लेकिन 5 लाख से ज्यादा होने पर सिर्फ 20 फीसदी रकम एकमुश्त मिलेगी और बाकी 80 फीसदी एन्युटी में डालनी होगी। वहीं 60 साल या उससे अधिक उम्र में एनपीएस जॉइन करने वालों के लिए नियम और आसान हैं। अगर जमा राशि 12 लाख रुपये से कम है तो 100 फीसदी निकासी संभव है। 12 लाख से ज्यादा होने पर 80 फीसदी एकमुश्त और 20 फीसदी एन्युटी अनिवार्य होगी। सब्सक्राइबर की मृत्यु की स्थिति में पूरी राशि नॉमिनी को दी जा सकती है, एन्युटी लेना जरूरी नहीं होगा।