पश्चिम बंगाल दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए इसे अहम दिन बताया है। इसके साथ ही पिछली टीएमसी सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा, "आज 20 जून है। यह पश्चिम बंगाल के इतिहास में एक बेहद अहम दिन है और बंगालियों के लिए किस्मत तय करने वाला दिन है। इस ऐतिहासिक दिन पर, मैं राज्य के सभी निवासियों को दिल से बधाई और शुभकामनाएं देता हूं।"
घिनौनी साजिश आज खत्म हो गई
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने एक्स पर लिखा, "कई दशकों के बाद, पहली बार हमारी राष्ट्रवादी सरकार, 'भारत केसरी' डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के महान आदर्शों से प्रेरित होकर, पश्चिम बंगाल के बनने की सच्ची और ऐतिहासिक घटनाओं को पूरी मान्यता देते हुए आधिकारिक तौर पर 'पश्चिम बंगाल दिवस' मना रही है। हमारे इतिहास को मिटाने की घिनौनी साजिश आज खत्म हो गई है। वोट-बैंक की राजनीति और तुष्टीकरण के काले अध्याय का अंत हो गया है।"
इतिहास के पन्नों से मिटाने की कोशिश
मुख्यमंत्री ने कहा, "अफसोस की बात है कि पिछली सरकार ने सिर्फ अपने वोट बैंक को बचाने और बेशर्म तुष्टीकरण की राजनीति को साधने के लिए इस पवित्र दिन के महत्व को पूरी तरह दबाने की कोशिश की थी। बंगाली अस्मिता के लिए किए गए इस संघर्ष को इतिहास के पन्नों से मिटाने की कोशिश की गई, ताकि लोग अपनी जड़ों और पश्चिम बंगाल के बनने के पीछे के असली नायकों को भूल जाएं। लेकिन सच को कभी भी हमेशा के लिए दबाया नहीं जा सकता। हमारी सरकार ने आज उस ऐतिहासिक गलती को सुधारा है और बंगाल के सच्चे इतिहास को उसके सही सम्मान के साथ स्थापित किया है।"
पाकिस्तान में मिलाने की खतरनाक योजना
मुख्यमंत्री अधिकारी ने आगे कहा, "बंगाली हमेशा डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऋणी रहेंगे। आज इस खास दिन पर, हम अपने महान राष्ट्रीय नेता को गहरे सम्मान के साथ याद करेंगे, जिनकी दूरदर्शिता के बिना आज भारत के नक्शे पर पश्चिम बंगाल नाम का कोई राज्य नहीं होता।