आने वाले महीनों में ऑनलाइन शॉपिंग करना महंगा पड़ सकता है। एयर कार्गो की लागत बढ़ने के कारण Amazon और Flipkart जैसी कंपनियां एक्सप्रेस डिलीवरी चार्ज 20 से 30 प्रतिशत तक बढ़ाने की तैयारी में हैं। इसका सीधा असर उन ग्राहकों पर पड़ेगा, जो तेजी से डिलीवरी चाहते हैं।
किन सामानों पर पड़ेगा ज्यादा असर
इस बढ़ोतरी का सबसे ज्यादा असर मोबाइल, लैपटॉप, इलेक्ट्रॉनिक्स और ब्रांडेड कपड़ों पर देखने को मिलेगा। ये सभी सामान आमतौर पर हवाई मार्ग से देशभर के वेयरहाउस तक पहुंचते हैं। ऐसे में एयर कार्गो महंगा होने से इनकी डिलीवरी और कुल कीमत दोनों बढ़ सकती हैं।
ATF की कीमत बनी बड़ी वजह
एविएशन टरबाइन फ्यूल यानी ATF की कीमतों में तेजी इस समस्या की मुख्य वजह है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में अस्थिरता और सप्लाई चेन पर दबाव के कारण हवाई परिवहन महंगा हो गया है। इसका असर धीरे-धीरे आम ग्राहकों तक पहुंच रहा है।
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कीमतों में अप्रत्यक्ष बढ़ोतरी तय
विशेषज्ञों का मानना है कि इन परिस्थितियों में इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य उत्पादों की कीमतों में 3 से 5 प्रतिशत तक की अप्रत्यक्ष बढ़ोतरी हो सकती है। यानी भले ही कंपनियां सीधे कीमत न बढ़ाएं, लेकिन डिलीवरी चार्ज और लॉजिस्टिक लागत के जरिए ग्राहकों पर बोझ बढ़ेगा।
अभी खरीदारी करना क्यों फायदेमंद
ऐसे में ग्राहकों के लिए सलाह दी जा रही है कि वे अपनी जरूरत की चीजें पहले ही खरीद लें। अगर आप दिवाली या बड़े त्योहार का इंतजार करते हैं, तो आपको ज्यादा कीमत चुकानी पड़ सकती है। अभी खरीदारी करने से 1000 से 5000 रुपये तक की बचत संभव है।
आगे और बढ़ सकता है दबाव
अगर अंतरराष्ट्रीय हालात ऐसे ही बने रहे, तो आने वाले समय में यह महंगाई और बढ़ सकती है। इसलिए समझदारी इसी में है कि जरूरी सामान की लिस्ट बनाकर समय रहते खरीदारी कर ली जाए। इससे न केवल पैसे की बचत होगी, बल्कि समय पर सामान भी मिल जाएगा।