केंद्र सरकार ने तीन तलाक को अवैध घोषित कर इसके खिलाफ सख्त कानून बना दिया है, लेकिन अब भी कुछ लोग इस कानून को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं. ताजा मामला उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से सामने आया है, जहां एक युवक ने वीडियो बनाकर अपनी पत्नी को ऑनलाइन तीन तलाक दे दिया और उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया.
क्या है पूरा मामला?
बुलंदशहर के एक युवक ने एक मॉल में खड़े होकर वीडियो बनाया, जिसमें वह अपनी पत्नी का नाम लेकर तीन बार “तलाक-तलाक-तलाक” बोलता हुआ दिखाई दे रहा है. यह वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर फैल गया. वीडियो में युवक ने दावा किया है कि उसका निकाह फरवरी 2025 में सिकंदराबाद की एक युवती से हुआ था, लेकिन वह शादीशुदा जिंदगी से खुश नहीं है. युवक का कहना है कि उसकी पत्नी उसे मानसिक रूप से परेशान कर रही है इसलिए उसने तलाक देने का फैसला लिया.
तीन तलाक भारत में गैरकानूनी
युवक के इस ऑनलाइन तलाक पर प्रतिक्रिया देते हुए एसएसपी ने साफ कहा है कि भारत में तीन तलाक अब मान्य नहीं है. अगर विवाहिता की तरफ से कोई शिकायत मिलती है तो आरोपी युवक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
धार्मिक दृष्टिकोण बनाम भारतीय कानून
इस मामले में एक मुस्लिम धर्मगुरु ने कहा कि युवक ने शरीयत (इस्लामी कानून) के अनुसार तलाक दिया है, लेकिन भारत में अब तीन तलाक को कानूनी मान्यता नहीं है.
भारत सरकार ने 2019 में 'मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार संरक्षण) अधिनियम' लागू किया जिसके तहत तीन तलाक को अपराध घोषित किया गया है.
क्या है कानून में सजा का प्रावधान?
तीन तलाक देना अपराध है. इसे गैर-जमानती और संज्ञेय अपराध माना गया है. इसमें दोषी पाए जाने पर पति को 3 साल की जेल और जुर्माना हो सकता है.
यह मामला दिखाता है कि तकनीक का गलत इस्तेमाल करके कुछ लोग अब भी महिलाओं के अधिकारों का उल्लंघन कर रहे हैं. हालांकि अब भारत में ऐसा करना कानूनन अपराध है और अगर पीड़ित महिला शिकायत करती है, तो आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.