बाहरी-उत्तर जिला, दिल्ली पुलिस को इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी (आईपी ) के एनफोर्समेंट के लिए “बेस्ट पुलिस यूनिट” अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। यह अवॉर्ड आईपी उल्लंघन और नकली नेटवर्क से निपटने में इसके शानदार काम के लिए दिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि यह उपलब्धि बाहरी-उत्तर जिला के के पुलिस उपायुक्त हरेश्वर स्वामी,के दूरदर्शी नेतृत्व, विजय सिंह, सयुंक्त आयुक्त पुलिस के मार्गदर्शन और रवींद्र यादव, विशेष आयुक्त पुलिस, ज़ोन-I के पूरे नेतृत्व में, साथ ही सतीश गोलचा , पुलिस आयुक्त , दिल्ली के लगातार मोटिवेशन और सुपरविज़न में संभव हुई है।
उल्लेखनीय कार्रवाई के लिए दिया गया
यह सम्मान 9 मार्च को नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने प्रदान किया। कार्यक्रम के दौरान बाहरी-उत्तर जिला के पुलिस उपायुक्त हरेश्वर स्वामी को ट्रॉफी, प्रशस्ति-पत्र तथा एक लाख रुपये की नकद राशि प्रदान की गई। यह पुरस्कार जिले द्वारा इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी (आईपी ) के एनफोर्समेंट के लिए और नकली उत्पादों के अवैध नेटवर्क के खिलाफ की गई उल्लेखनीय कार्रवाई के लिए दिया गया है।
नकली और कॉपीराइट का उल्लंघन करने वाले उत्पाद
पुलिस अधिकारियों के अनुसार बाहरी-उत्तर जिला पुलिस ने पिछले समय में आईपी उल्लंघन के मामलों में कई बड़ी कार्रवाई की हैं। पुलिस ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर भारी मात्रा में नकली और कॉपीराइट का उल्लंघन करने वाले उत्पाद बरामद किए। इसके साथ ही अवैध रूप से नकली सामान बनाने और सप्लाई करने वाले कई गिरोहों के नेटवर्क को भी ध्वस्त किया गया।
पुलिस के मुताबिक इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी अधिकारों का उल्लंघन न केवल वैध व्यापार को नुकसान पहुंचाता है बल्कि उपभोक्ताओं के हितों को भी प्रभावित करता है। ऐसे में नकली उत्पादों के निर्माण और वितरण से जुड़े गिरोहों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना बेहद जरूरी है।
कार्रवाई को और मजबूत किया जाएगा
बाहरी-उत्तर जिला पुलिस ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी आईपी अपराधों के खिलाफ कार्रवाई को और मजबूत किया जाएगा। साथ ही नकली उत्पादों के निर्माण और बिक्री में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी, ताकि वैध कारोबार और उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा सुनिश्चित की जा सके।