Owaisi Launches Scathing Attack: संसद में बजट पर चर्चा के दौरान AIMIM प्रमुख और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्र सरकार पर जोरदार निशाना साधा। उन्होंने कहा कि 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य तभी हासिल हो सकता है, जब देश के सभी समुदाय, खासकर मुसलमान, शिक्षा और सामाजिक-आर्थिक रूप से मजबूत होंगे। ओवैसी ने आरोप लगाया कि मौजूदा नीतियां इस दिशा में मददगार साबित नहीं हो रहीं।
सरकार पर सवाल
ओवैसी ने उच्च और प्राथमिक शिक्षा संस्थानों में मुस्लिम छात्रों के नामांकन में आई कमी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में मुस्लिम बच्चों के स्कूल और कॉलेज छोड़ने की दर बढ़ी है। यह स्थिति अचानक पैदा नहीं हुई, बल्कि इसके पीछे नीतिगत लापरवाही जिम्मेदार है।
छात्रवृत्ति योजनाएं
सांसद ने दावा किया कि अल्पसंख्यकों के लिए चलाई जा रही तीन प्रमुख छात्रवृत्ति योजनाओं को बीते पांच वर्षों से मंजूरी नहीं मिली है। उनके अनुसार, आर्थिक मामलों की कैबिनेट समिति की ओर से इन योजनाओं को हरी झंडी न मिलना सरकार की मंशा पर सवाल खड़े करता है।
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10 हजार करोड़ का प्रस्ताव
ओवैसी ने बजट में अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय के लिए आवंटन बढ़ाकर 10 हजार करोड़ रुपये करने की मांग की। उन्होंने कहा कि बड़े-बड़े दावों से विकसित भारत नहीं बनेगा, जब तक सभी वर्गों को बराबर अवसर और संसाधन नहीं मिलेंगे।
अन्य मुद्दे भी उठे
ओवैसी ने अग्निपथ योजना की समीक्षा, चीन से जुड़े मामलों पर चर्चा और आतंकवाद के खिलाफ सख्त कदम उठाने की मांग की। वहीं, लद्दाख से निर्दलीय सांसद मोहम्मद हनीफा ने केंद्र शासित प्रदेशों में स्वास्थ्य ढांचे और कनेक्टिविटी के लिए अधिक बजट देने की अपील की।