पाकिस्तान के इस्लामाबाद कोर्ट परिसर में हुए धमाके के बाद रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ का बड़ा बयान सामने आया है। इस दौरान अफगानिस्तान को खुली धमकी मिली है। उन्होंने अफगानिस्तान में आतंकवादियों को शरण देने के खिलाफ संभावित सैन्य कार्रवाई की धमकी दी।
आतंकवाद की बढ़ती लहर को नजरअंदाज नहीं
पाकिस्तानी मीडिया के अनुसार रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ का कहना है कि पाकिस्तान आतंकवाद की बढ़ती लहर को नजरअंदाज नहीं कर सकता है। अगर अफगानिस्तान में आतंकवादी पनाहगाहों का नियंत्रण बिगड़ता है तो वह निर्णायक जवाब देने वाले हैं।
अफगानिस्तान की धरती से सक्रिय आतंकवादी
पाकिस्तानी मंत्री के अनुसार, अफगान तालिबान की निंदा और खेद के शब्द केवल बयानों तक सीमित हैं। उनमें किसी तरह की ईमानदारी नहीं दिखती। अफगानिस्तान की धरती से सक्रिय आतंकवादी पाकिस्तान को निशाना बनाए जारी रखे हुए है। हाल के अधिकतर हमले अफगान नागरिकों की ओर से किए गए हैं।
धमाके को एक वेकअप कॉल बताया
हाल ही में कैडेट कॉलेज वाना में हुए हमले का जिक्र करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा, पाकिस्तानी सेना ने एक सफल अभियान को चलाया है। सभी कैडेटों की जान बचा ली गई। इससे पहले पाक रक्षा मंत्री ने धमाके को एक वेकअप कॉल बताया। उन्होंने कहा, हम युद्ध के हालात में हैं। पाकिस्तानी सेना यह युद्ध अफगान-पाकिस्तान सीमा क्षेत्र और बलूचिस्तान के इलाकों में लड़ रही है। उन्हें चेताया कि आज इस्लामाबाद जिला कोर्ट में हुआ यह आत्मघाती हमला एक वेकअप कॉल की तरह है। उन्होंने कहा कि इस माहौल में काबुल के शासकों के संग सफल बातचीत की उम्मीद रखना बेकार होगा। पाकिस्तान ने इस्लामाबाद अदालत परिसर में हुए आत्मघाती हमले में 12 लोगों की मौत हो गई। वहीं 36 घायल हो गए।
हमला अफगान सीमा या बलूचिस्तान में नहीं
इससे पहले पाकिस्तानी रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने पाकिस्तान के अंदुरूनी हालात पर चर्चा की। उन्होने कहा, हम जंग की हालत में पहुंच चुके हैं। हमला अफगान सीमा या बलूचिस्तान में नहीं, बल्कि इस्लामाबाद में जारी है। तालिबानी शासक पाकिस्तान में आतंकवाद को रोकने में सक्षम है। मगर इस्लामाबाद तक यह जंग लाना काबुल की ओर से साफ संदेश है।