पाकिस्तान में आम जनता को बड़ी राहत देते हुए प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी कटौती का ऐलान किया है। शुक्रवार को किए गए इस फैसले के तहत डीजल 135 रुपये प्रति लीटर सस्ता कर दिया गया, जबकि पेट्रोल की कीमत में 12 रुपये प्रति लीटर की कमी की गई है। सरकार के अनुसार नई दरें 11 अप्रैल से लागू हो गई हैं, जिससे पेट्रोल अब 366 रुपये और डीजल 385 रुपये प्रति लीटर पर मिल रहा है।
पहले बढ़ोतरी से बढ़ा था दबाव
कुछ ही समय पहले मिडिल ईस्ट में तनाव के बाद पाकिस्तान में ईंधन की कीमतों में ऐतिहासिक बढ़ोतरी की गई थी। पेट्रोल में करीब 43 प्रतिशत और डीजल में 55 प्रतिशत तक इजाफा किया गया था, जिससे आम लोगों की जेब पर भारी असर पड़ा। उस समय पेट्रोल 458 रुपये प्रति लीटर और डीजल 520 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया था। इस बढ़ोतरी ने देश में महंगाई को और तेज कर दिया था और लोगों में सरकार के खिलाफ नाराजगी बढ़ने लगी थी।
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लेवी और टैक्स में बदलाव
सरकार ने उस दौर में पेट्रोलियम लेवी में भी बड़ा बदलाव किया था। पेट्रोल पर लेवी बढ़ाकर 160 रुपये प्रति लीटर कर दी गई थी, जबकि डीजल पर इसे घटाकर शून्य कर दिया गया था। पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज़ मलिक ने उस फैसले को मजबूरी बताते हुए कहा था कि यह कदम आर्थिक संतुलन बनाए रखने और जरूरतमंद लोगों को राहत देने के लिए उठाया गया है। हालांकि, जनता को इसका सीधा फायदा नहीं मिल पाया और कीमतें लगातार ऊंची बनी रहीं।
सब्सिडी के जरिए राहत की कोशिश
सरकार ने आम लोगों को राहत देने के लिए सब्सिडी योजनाओं का भी ऐलान किया था। मोटरसाइकिल चालकों को 100 रुपये प्रति लीटर तक की सब्सिडी देने की बात कही गई थी, जो हर महीने 20 लीटर तक लागू होती। छोटे किसानों को प्रति एकड़ 1500 रुपये की मदद देने और ट्रांसपोर्ट सेक्टर को भी राहत देने के लिए अलग-अलग योजनाएं बनाई गई थीं। ट्रक चालकों को हर महीने 70 हजार रुपये की सहायता देने का ऐलान भी किया गया था, ताकि बढ़ती लागत को नियंत्रित किया जा सके।
अब राहत या सियासी रणनीति?
ताजा कटौती को लेकर सवाल भी उठ रहे हैं कि यह फैसला केवल वैश्विक तेल कीमतों में गिरावट का असर है या फिर इसके पीछे सियासी रणनीति भी छिपी है। जानकार मानते हैं कि बढ़ती महंगाई और जनता के दबाव के बीच सरकार ने यह कदम उठाया है। फिलहाल आम लोगों को थोड़ी राहत जरूर मिली है, लेकिन आगे कीमतों का रुख क्या रहेगा, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।