PM Kisan Yojana: देश में लगभग 12 करोड़ किसानों ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत रजिस्ट्रेशन किया है. लेकिन कई सालों से लगातार योजना का लाभ पाने वाले लाभार्थियों की संख्या घट रही है. आपको बता दें कि इस बार भी लगभग ढाई करोड़ से ज्यादा किसानों को योजना का लाभ नहीं मिलेगा.. इसके पीछे सीधा कारण सरकारी नियमों का पालन न करना है.. पिछली बार भी लगभग तीन करोड़ किसानों को योजना के लाभ से वंचित कर दिया गया था.
क्या हैं किस्त न मिलने के कारण?
दरअसल, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि सरकार की महत्वकांशी योजना है. जिसकी मानिटरिंग स्वयं प्रधानमंत्री मोदी करते हैं.. लेकिन योजना में फर्जावाडे की बू आने लगी थी. जिसके बाद सरकार ने तीन नियम अनिवार्य किये. यदि पात्र किसान ये तीनों नियम फॅालो करते हैं उन्हें पीएम किसान निधि का पूरा लाभ मिल रहा है. साथ ही कुछ किसानों ने सरकारी नियमों को फॅालो ही नहीं किया है. ऐसे किसानों को योजना के लाभ से बाहर किया गया है. हालांकि जैसे-जैसे किसान नियमों को फॅालो कर रहे हैं. वैसे ही लाभार्थियों की सूची में उनका नाम जुड़ने की भी खबर है..
क्या नियम फॅालो करना जरूरी
आपको बता दें कि सबसे पहला नियम ईकेवाइसी है. क्योंकि क्या वास्तव में पात्र किसान के खाते में ही योजना का पैसा जा रहा है. इसकी प्रमाणिकता के लिए विभाग ईकेवाईसी शुरू किया था. यही नहीं किसानों के लिए फेस एप के माध्यम से भी ईकेवाईसी शुरू की थी.. लेकिन लाखों किसानों ने अभी भी ईकेवाईसी नहीं कराया है... जिसके चलते किस्त मिलने में समस्या है. साथ ही दूसरा नियम है भूलेख सत्यापन.. क्योंकि कई ऐसे किसान हैं जिन्होने जमीन सेल कर दी है. लेकिन वे उसके बाद भी पीएम किसान निधि का लाभ पा रहे थे. ऐसे किसानों को चिंहित करने के लिए भूलेख सत्यान शुरू किया था. तीसरा नियम आधार से बैंक खाता लिंक होना था.
इस दिन खाते में आएगी 20वीं किस्त
दरअसल, प्रधानमंत्री मोदी 18 जुलाई को बिहार के दौरे पर हैं. मोतिहारी में प्रधानमंत्री कई योजनाओं के शिलान्यास के साथ किसानों को भी तोहफा दे सकते हैं. आपको बता दें कि पीएम किसान निधि हर साल तीन बार किसानों के खाते में क्रेडिट की जाती है. लेकिन इस बार की निधि पहले से ही लेट है. सूत्रों का दावा है कि 18 जुलाई को ही प्रधानमंत्री किसानों के खाते में निधि के 2000-2000 रुपए ट्रांसफर कर देंगे..