टोक्यो। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जापान की यात्रा पर पहुंचे, जहां उनका पारंपरिक अंदाज में भव्य स्वागत किया गया। गायत्री मंत्र और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से उनका अभिनंदन हुआ। पीएम मोदी ने कहा कि भारत बहुत जल्द दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत और जापान मिलकर न केवल एशिया बल्कि पूरी दुनिया की आर्थिक प्रगति में अहम योगदान दे सकते हैं।
जापान-भारत रिश्तों पर फोकस
टोक्यो में इंडिया-जापान इकोनॉमिक फोरम को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि पिछले ग्यारह वर्षों में दोनों देशों के संबंध नई ऊंचाइयों पर पहुंचे हैं। अब ध्यान नई तकनीकों, निवेश और मैन्यूफैक्चरिंग को बढ़ावा देने पर होगा। उन्होंने कहा कि जापान तकनीक का पावरहाउस है और भारत टैलेंट का पावरहाउस, इसलिए दोनों देशों की साझेदारी दुनिया के लिए गेम-चेंजर साबित होगी।
"मेक इन इंडिया, मेक फॉर वर्ल्ड"
प्रधानमंत्री ने जापानी निवेशकों को भारत में निवेश करने का निमंत्रण दिया। उन्होंने कहा कि भारत में मैन्यूफैक्चरिंग करके पूरी दुनिया के लिए उत्पादन किया जा सकता है। विशेष रूप से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर और इनोवेशन जैसे क्षेत्रों में सहयोग से दोनों देशों को लाभ होगा।
भारतीय समुदाय से मुलाकात
टोक्यो में पीएम मोदी ने भारतीय प्रवासी समुदाय से भी भेंट की और उनके गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए आभार जताया। उन्होंने कहा कि यह यात्रा भारत-जापान की विशेष रणनीतिक और सांस्कृतिक साझेदारी को और गहरा करेगी।