नई दिल्ली/ रियो डि जेनेरियो: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्राजील में आयोजित 17वें BRICS शिखर सम्मेलन के दौरान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर साझा सहयोग की अपील की है। उन्होंने BRICS देशों को 2026 में भारत में होने वाले 'AI Impact Summit' में भाग लेने का आमंत्रण दिया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत, एआई को मानवीय मूल्यों और क्षमताओं को बढ़ाने वाले माध्यम के रूप में देखता है। इसके साथ ही उन्होंने एआई से जुड़े जोखिमों, नैतिकता और पारदर्शिता के विषय पर भी वैश्विक सहयोग की बात कही।
'AI को लेकर जिम्मेदारी और नवाचार दोनों जरूरी'
पीएम मोदी ने BRICS सम्मेलन के 'आउटरीच सत्र' को संबोधित करते हुए कहा कि, "21वीं सदी में मानवता की समृद्धि और प्रगति तकनीक, विशेषकर एआई पर आधारित है।" उन्होंने कहा कि एआई जहां जीवन को आसान बना रहा है, वहीं इसके साथ जोखिम, भेदभाव और नैतिक प्रश्न भी जुड़े हैं। ऐसे में दुनिया को मिलकर जिम्मेदार एआई की दिशा में काम करना होगा।
भारत में तेजी से बढ़ रहा AI का उपयोग
पीएम मोदी ने बताया कि भारत 'AI for All' के मंत्र पर काम कर रहा है और कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा और शासन जैसे क्षेत्रों में एआई का व्यापक उपयोग कर रहा है। उन्होंने कहा कि भारत की नीति साफ है – एआई को मानवता के हित में विकसित किया जाए और इसके दुरुपयोग को रोकने के लिए वैश्विक मानक तय किए जाएं।
AI Impact Summit के लिए भेजा न्योता
पीएम मोदी ने BRICS देशों को 2026 में भारत में होने वाले AI Impact Summit में शामिल होने का न्योता दिया। उन्होंने कहा कि इस सम्मेलन का उद्देश्य होगा – एआई के जरिए वैश्विक चुनौतियों का समाधान, नवाचार को बढ़ावा देना और पारदर्शिता सुनिश्चित करना।