सोशल मीडिया की दुनिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रभाव लगातार मजबूत होता जा रहा है। एलन मस्क के प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) ने हाल ही में एक नया फीचर लॉन्च किया है, जिसमें हर महीने किसी देश में सबसे ज्यादा पसंद किए गए ट्वीट्स की सूची दिखाई जाती है। इस नई लिस्ट में भी पीएम मोदी का दबदबा साफ नजर आया, जहां भारत के टॉप-10 सबसे ज्यादा लाइक किए गए ट्वीट्स में से 8 अकेले पीएम मोदी के रहे।
X का नया फीचर और भारत की डिजिटल तस्वीर
X ने हाल ही में एक मंथली फीचर रोलआउट किया है, जो यह दिखाता है कि पिछले 30 दिनों में किसी देश के कौन-से ट्वीट्स को सबसे ज्यादा पसंद किया गया। इस फीचर के जरिए यूजर्स को देशवार डिजिटल ट्रेंड समझने का मौका मिलता है। भारत में सामने आई इस लिस्ट ने यह साफ कर दिया है कि राजनीतिक संवाद और सोशल मीडिया प्रभाव के मामले में पीएम मोदी फिलहाल सबसे आगे हैं।
टॉप-10 में 8 ट्वीट्स, कोई दूसरा नेता नहीं
पिछले 30 दिनों की इस लिस्ट में टॉप-10 में से 8 ट्वीट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रहे। खास बात यह है कि देश के किसी अन्य नेता का ट्वीट इस सूची में जगह नहीं बना पाया। यह आंकड़ा पीएम मोदी की सोशल मीडिया पर मजबूत पकड़, व्यापक फॉलोअर्स और उनकी पोस्ट की जबरदस्त रीच को दर्शाता है।
सबसे ज्यादा पसंद किया गया ट्वीट कौन-सा रहा?
सबसे ज्यादा लाइक किया गया ट्वीट वह रहा, जिसमें पीएम मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को रूसी भाषा में लिखी भगवद् गीता की प्रति भेंट करने का जिक्र किया था। इस ट्वीट को करीब 23 लाख से ज्यादा लाइक्स मिले। इसकी रीच 6.7 मिलियन तक पहुंची, जबकि लगभग 29 हजार यूजर्स ने इसे रीट्वीट किया। यह ट्वीट सांस्कृतिक संदेश और कूटनीतिक प्रतीक दोनों के कारण चर्चा में रहा।
डिजिटल डिप्लोमेसी और पीएम मोदी की रणनीति
पीएम मोदी सोशल मीडिया का इस्तेमाल केवल संदेश देने के लिए नहीं, बल्कि डिजिटल डिप्लोमेसी के एक प्रभावी माध्यम के रूप में करते हैं। उनकी पोस्ट्स में अंतरराष्ट्रीय रिश्ते, भारतीय संस्कृति और राष्ट्रीय उपलब्धियों की झलक अक्सर देखने को मिलती है, जो देश-विदेश में लोगों को जोड़ने का काम करती है।
हर साल की तरह इस साल भी मजबूत मौजूदगी
X पर हर साल सबसे ज्यादा पसंद किए गए ट्वीट्स की लिस्ट जारी होती है। बीते वर्षों में भी पीएम मोदी के ट्वीट्स भारतीय यूजर्स के बीच टॉप पर रहे हैं। हालांकि 2025 की वार्षिक लिस्ट अभी जारी नहीं हुई है, लेकिन मौजूदा ट्रेंड को देखकर यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस बार भी पीएम मोदी की मौजूदगी सबसे मजबूत रहने वाली है।