79वें स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से लगातार 12वीं बार तिरंगा फहराया और देश को संबोधित किया। इसके साथ ही उन्होंने एक ऐतिहासिक रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का रिकॉर्ड तोड़ते हुए यह उपलब्धि हासिल की। इंदिरा गांधी ने लगातार 11 बार लाल किले से राष्ट्र को संबोधित किया था। अब पीएम मोदी इस मामले में दूसरे स्थान से पहले स्थान पर आ गए हैं, जबकि सबसे अधिक बार संबोधन पंडित जवाहरलाल नेहरू ने किया था।
रिकॉर्ड तोड़ने वाला संबोधन
प्रधानमंत्री मोदी का यह संबोधन न केवल ऐतिहासिक था, बल्कि प्रतीकात्मक भी। उन्होंने लाल किले से 12वीं बार स्वतंत्रता दिवस पर देश को संबोधित किया। इससे पहले इंदिरा गांधी के नाम लगातार 11 बार लाल किले से भाषण देने का रिकॉर्ड था, जिसे मोदी ने पीछे छोड़ दिया। पंडित जवाहरलाल नेहरू के बाद अब मोदी सबसे अधिक बार लाल किले से संबोधित करने वाले प्रधानमंत्री बन गए हैं।
भाषण की खास बातें
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने आत्मनिर्भर भारत, नारी शक्ति, तकनीकी प्रगति और किसानों के हित पर जोर दिया। उन्होंने मेड इन इंडिया फाइटर जेट इंजन के निर्माण का ऐलान किया और युवाओं को नवाचार में आगे आने का आह्वान किया। पीएम मोदी ने डिजिटल लेन-देन में भारत की अग्रणी भूमिका पर गर्व जताते हुए साइबर सुरक्षा से लेकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तक स्वदेशी विकास का लक्ष्य रखा।
एकता और संकल्प का संदेश
पीएम मोदी ने कहा कि यह पर्व 140 करोड़ देशवासियों के संकल्प और एकता का प्रतीक है। हिमालय से लेकर समुद्र तट तक हर जगह तिरंगा लहरा रहा है और देश विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी और आने वाले वर्षों में भारत को वैश्विक नेतृत्व की ओर ले जाने का संकल्प दोहराया।