
सिंघु बॉर्डर से एयरपोर्ट अब मात्र 40 मिनट में पहुंचा जा सकेगा। दिल्ली और गुरुग्राम के लोगों के लिए यह बड़ा तोहफा होगा। पीएम नरेंद्र मोदी 17 अगस्त को देश के पहले 8 लेन के अर्बन एलिवेटेड एक्सप्रेसवे-द्वारका एक्सप्रेसवे और अर्बन एक्सटेंशन रोड 2 का उद्घाटन करेंगे। द्वारका एक्सप्रेसवे भारतमाला प्रोजेक्ट के तहत बना है। करीब 9 हजार करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह एक्सप्रेसवे दिल्ली के महिपालपुर (शिवमूर्ति) से गुरुग्राम के खेड़कीदौला टोल तक जाता है। रास्ते में दिल्ली एयरपोर्ट के पास 3.6 किलोमीटर लंबी और 8 लेन की देश की सबसे चौड़ी अर्बन टनल भी बनी है।
ट्रैफिक का दबाव कम हो जाएगा
इससे गुरुग्राम से एयरपोर्ट तक बिना रुकावट के पहुंचा जा सकता है। ट्रैफिक सुचारू रखने के लिए 4 जगह चार-स्तरीय और 9 जगह तीन-स्तरीय इंटरचेंज तैयार किए गए हैं। अर्बन एक्सटेंशन रोड 2 (UER 2) को दिल्ली का तीसरा रिंग रोड कहा जा रहा है। 76 किलोमीटर लंबा यह रोड 7,716 करोड़ रुपये की लागत से बना है। यह दिल्ली-पानीपत हाइवे (NH-44) के अलीपुर से आरंभ नागलोई , नजफगढ़ रोड होते हुए द्वारका सेक्टर-24 तक जाएगा। इससे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे का सीधा कनेक्टिविटी और दिल्ली के अंदरूनी इलाकों में ट्रैफिक का दबाव कम हो जाएगा।
प्रोजेक्ट से जुड़ी खासियत
यह 8 लेन अर्बन एलिवेटेड एक्सप्रेसवे होगा। देश का पहला 8 लेन एलिवेटेड एक्सप्रेसवे, जो दिल्ली-NCR में ट्रैफिक को स्मूथ बनाएगा। यहा 3.6 किमी अर्बन टनल है। यह देश की सबसे चौड़ी 8 लेन टनल, जो द्वारका को IGI हवाई अड्डे से जोड़ती है। यहां तीन-स्तरीय इंटरचेंज होगा। इससे ट्रैफिक जाम को कम होगा। टनल में सीसीटीवी, कंट्रोल रूम, और आपातकालीन निकास की व्यवस्था होगी। दिल्ली का तीसरा रिंग रोड होगा जो दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। यह 17 किमी का विस्तार दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे से जोड़ेगा। 5 किलोमीटर टनल दक्षिण-पश्चिम दिल्ली में ट्रैफिक को कम करेगा। ट्रैफिक जाम में कमी से ईंधन की बचत और प्रदूषण में कमी होगी।